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    राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलकर सालखन मुर्मू ने छेड़ा नया राग... आदिवासि‍यों के लिए कर दी ये भारी डिमांड...

    By JagranEdited By: Alok Shahi
    Updated: Thu, 29 Sep 2022 04:31 AM (IST)

    Jharkhand News राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात के क्रम में आदिवासी सेंगेल अभियान के अध्यक्ष झारखंड के पूर्व सांसद सालखन मुर्मू ने आदिवासी स्‍वशास ...और पढ़ें

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    Jharkhand News: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलकर सालखन मुर्मू ने आदिवासी हित के लिए विशेष मांग रखी।

    रांची, राज्य ब्यूरो। Jharkhand News झारखंड के आदिवासी गांवों में स्वशासन व्यवस्था लागू है। इसके तहत वंश परंपरा के आधार पर प्रधानों का चयन होता है। अलग-अलग क्षेत्रों में चल रही इस व्यवस्था को लोकतांत्रिक प्रणाली में तब्दील करने की मुहिम चल रही है। मयूरभंज से दो बार भाजपा के सांसद रहे सालखन मुर्मू ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से इसके लिए आग्रह किया है। सालखन मुर्मू आदिवासी सेंगेल अभियान के अध्यक्ष हैं और वे झारखंड, बिहार, बंगाल, असम और ओडिशा में बदलाव की भूमिका तैयार करने में जुटे हैं।

    उनके मुताबिक आदिवासी स्वशासन व्यवस्था (ट्राइबल सेल्फ रूल सिस्टम) वंशवादी है। इससे संविधान- कानून और मानव अधिकारों का घोर उल्लंघन होता है। इसके जरिए अधिकांश अनपढ़, पियक्कड़, संविधान कानून से अनभिज्ञ लोग हर आदिवासी गांव में प्रमुख बन जाते हैं। ये उन पारंपरिक बुराइयों के वाहक तो हैं ही, गांव समाज को आज की चुनौतियों के लिए तैयार करने हेतु बिल्कुल अयोग्य हैं।

    इसमें सुधार के लिए पढ़े लिखे समझदार और गांव समाज में अवस्थित अच्छे लोगों की भागीदारी से आदिवासी समाज गुलामी से आजादी की ओर और हार से जीत की ओर बढ़ सकता है। उन्होंने अपने अभियान से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु को भी अवगत कराया है। सालखन के मुताबिक राष्ट्रपति ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए अविलंब सुधार की कामना की और सहयोग का भी आश्वासन दिया।

    पूर्व राष्ट्रपति समेत नौकरशाहों-चिंतकों से भी किया संपर्क

    आदिवासी गांव-समाज में सुधार संबंधी प्रस्ताव लेकर सालखन मुर्मू पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द, झारखंड के पहले राज्यपाल प्रभात कुमार, रेलवे बोर्ड के पूर्व चेयरमैन शांति नारायण, साहित्य अकादमी के सचिव डा. के श्रीनिवास राव, राष्ट्रीय चिंतक केएन गोविंदाचार्य, जेएनयू के वाइस चांसलर प्रो. शांतिश्री डी पंडित, राष्ट्रीय एसटी कमीशन के चेयरमैन हर्ष चौहान एवं सदस्य अनंत नायक, राष्ट्रीय महिला आयोग की चेयरपर्सन रेखा शर्मा, जेएनयू के प्रोफेसर डा. संजय पांडेय, आईएएस अकादमी, मसूरी में आठ वर्षों तक डायरेक्टर रहे एनसी सक्सेना और प्रो. संजय पासवान से मुलाकात कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि सभी स्तर पर सुधारात्मक उपायों के प्रति सहमति और सहयोग का भरोसा दिलाया गया।