'लापता हेमंत सोरेन को ढूंढ लाओ; 11 हजार रुपये दूंगा...', BJP नेता का एलान; जगह-जगह चिपकाए पोस्टर
Jharkhand Politics झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन कहां है इसका अभी तक कोई पता नहीं चल पाया है। प्रदेश में भाजपा के नेता उन्हें भगाेड़ा कह रहे हैं। प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने उन्हें ढूंढ़कर लाने वाले को 11 हजार का इनाम देने का भी एलान कर दिया है। उन्होंने इससे संबंधित इश्तेहार भी सोशल मीडिया पर शेयर किया है।

जागरण संवाददाता, रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का अब तक कहीं पता भी नहीं चल पाया है। इसे लेकर राज्य में विपक्ष भाजपा उन पर लगातार निशाना साध रहा है। पार्टी के नेताओं ने राज्यपाल से इस मामले को संज्ञान में लेकर तुरंत एक्शन लेने के लिए कहा है।
तलाश है झारखंड के गुमशुदा मुख्यमंत्री की...
जिन किसी भी सज्जन को यह व्यक्ति दिखें तो, दिए गए पते पर तुरंत सूचित करें।
सही जनकारी देने वाले को 11 हजार रुपये नगद राशि दी जाएगी। pic.twitter.com/9nvFhVQlnl
— Babulal Marandi (@yourBabulal) January 30, 2024
सीएम को ढूंढ़ने वाले को 11 हजार का इनाम
झारखंड में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने एक विज्ञापन निकालते हुए गुमशुदा सीएम की तलाश करने वाले व्यक्ति को 11 हजार रुपये नकद पुरस्कार देने का भी एलान कर डाला है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन विगत 2 दिनों से लापता हैं। राज्य के पुलिस महानिदेशक और इंटेलिजंस विभाग को सीएम के लोकेशन की जानकारी न होना एक गंभीर मसला है।
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन विगत 2 दिनों से लापता हैं। राज्य के पुलिस महानिदेशक और इंटेलिजंस विभाग को सीएम के लोकेशन की जानकारी नहीं होना गंभीर मसला है।
अवैध संपत्ति अर्जित करने और घोटाले का आरोप हेमंत सोरेन के उपर व्यक्तिगत रूप से लगा हुआ है, लेकिन ईडी को इसका जबाव… pic.twitter.com/eDWrZOXg1a
— Babulal Marandi (@yourBabulal) January 30, 2024
झारखंड में लागू हो राष्ट्रपति शासन: निशिकांत
भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने इस बारे में कहा, मेरा माननीय राज्यपाल से संविधान में धारा 355 के तहत रिपोर्ट भेजनी चाहिए। हेमंत सोरेन को ईडी की जांच का सामना करना चाहिए। इसके बदले वह ईडी को पत्र भेजे जा रहे हैं। यह राष्ट्रपति शासन का सबसे अच्छा समय है।
#WATCH | Delhi | On ED probe against Jharkhand CM Hemant Soren, BJP MP Nishikant Dubey says, "...I request the Governor to send a report under Article 355 of the Constitution. His (CM Soren's) brother and sister-in-law have spoken to me. They are all sad that this party (JMM) was… pic.twitter.com/2gcrmYok70
— ANI (@ANI) January 30, 2024
बता दें कि संविधान में धारा 355 में यह कहा गया है कि बाहरी आक्रमण और आंतरिक अशांति से राज्य की रक्षा करना संघ का कर्तव्य है। साथ ही यह भी सुनिश्चित करना जिम्मेदारी है कि प्रत्येक राज्य की सरकार संविधान के प्रावधानों के अनुसार कार्य करें।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।