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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 08, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

केशलपुर में सरस्वती पूजा विसर्जन जुलूस पर हमला, इलाके में तनाव; पड़ोस में इंटरनेट बंद

By MritunjayEdited By:
Published: Tue, 08 Feb 2022 06:56 AM (IST)Updated: Tue, 08 Feb 2022 07:08 AM (IST)

Dhanbad Crime News धनबाद में कतरास के रामकलानी ओपी क्षेत्र में तनावपूर्ण माहाैल है। सरस्वती पूजा के जुलूस पर संप्रदाय ...और पढ़ें

हमले के बाद लोगों को समझाते रामकनाली ओपी प्रभारी जुबैल गुड़िया ( फोटो जागरण)।
हमले के बाद लोगों को समझाते रामकनाली ओपी प्रभारी जुबैल गुड़िया ( फोटो जागरण)।

संवाद सहयोगी, कतरास/ गिरिडीह। झारखंड के धनबाद जिले के कतरास क्षेत्र का माहाैल गर्म है। सरस्वती पूजा के विसर्जन जुलूस पर संप्रदाय विशेष के युवकों ने हमला किया। पुलिस के प्रयास से स्थिति नियंत्रण में है। सोमवार की शाम रामकनाली ओपी क्षेत्र के केशलपुर इलाके में मां सरस्वती की प्रतिमा के विसर्जन के दौरान दो गुटों में मारपीट हुई। केशलपुर कालोनी के लोगों पर बगल बस्ती के युवकों के गुट ने हमला किया। इस दौरान पथराव के साथ जमकर लाठी डंडे भी चले जिसमें दोनों पक्षों के आधा दर्जन लोग जख्मी हो गए। कई थानों की पुलिस ने पहुंचकर स्थिति को काबू में किया। दूसरी तरफ गिरिडीह जिले में प्रशासन ने इंटरनेट सेवा को बंद कर दिया है। गिरिडीह धनबाद के कतरास से लगा हुआ है। 

कई थानों की पुलिस ने पहुंच स्थिति को संभाला

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि जुलूस पर हमले के बाद स्थिति बहुत तेजी से बिगड़ी थी। हालांकि कई थानों की पुलिस पहुंची तब उपद्रवी भागे। घायलों को अस्पताल ले जाया गया है। इसके बाद दोनों इलाकों के कई लोग ओपी पहुंच गए और एक दूसरे पर आरोप लगाते हुए उपद्रवियों की गिरफ्तारी की मांग की। घटना के पीछे पुरानी रंजिश है। घायलों में रंजीत राय, शिव प्रसाद, रणधीर समेत आधा दर्जन लोग हैं। इस हादसे के बाद इलाके में तनाव का माहाैल है। 

यह है मामला

केशलपुर कालोनी में स्थापित प्रतिमा किा विसर्जन करने पोखरिया पहुंचे तो वहां दूसरे गुट के लोगों से विवाद हो गया। कालोनी के लोगों ने बताया कि लौटते समय घात लगाकर बैठे दूसरे गुट के लोगों ने अचानक हमला किया। इस मामले में ओपी प्रभारी जुबैल गुडिय़ा से संपर्क नहीं हुआ। कई बार उनको फोन किया गया मगर उन्होंने नहीं उठाया।

हजारीबाग की घटना का गिरिडीह पर असर

हजारीबाग जिले के बरही में प्रतिमा विसर्जन जुलूस में शामिल होने जा रहे किशोर की हत्या के बाद हुए बवाल के बाद गिरिडीह में सोमवार को इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई। ताकि लोगों का आक्रोश न भड़के, तनाव नहीं फैले।

सोमवार को यह सेवा पूरी तरह बंद रही। आम से खास तक हाहाकार मचा रहा। स्टील इंडस्ट्री के साथ अन्य कारोबार भी बुरी तरह प्रभावित हो गया। बच्चों की पढ़ाई बाधित हुई। बैंकिंग सेवाएं भी बुरी तरह प्रभावित हुईं। लोगों के मोबाइल में सिर्फ फोन करने की सुविधा थी, इंटरनेट सेवा बंद थी।

इंटरनेट सेवा बंद होने से हर कोई परेशान

इंटरनेट सेवा बंद होने के बाद गिरिडीह में डिजिटल लेनदेन करने वाले परेशान हैं। सोमवार को सरकारी कार्यालयों में भी लोग हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे। कोई काम नहीं हुआ। लोगों का कहना था कि सरकार ने आज हर कार्यालय में डिजिटल कामकाज को प्रोत्साहन दिया है। ऐसे में इंटरनेट सेवा बंद होने से क्या हुआ है, समझा जा सकता है। कई लोगों का कहना था कि हमें मीडिया लिट्रेसी पर गंभीर होना चाहिए। ऐसे संदेश को आगे नहीं बढ़ाना चाहिए, जिनसे तनाव फैले। यह सेवा बंद करने का निर्णय इसलिए लिया गया कि लोगों में इंटरनेट मीडिया के संदेशों से तनाव न फैले।