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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 25, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Dhanbad Crime: धनबाद में राशन दुकानदार के घर डकैती, जेवरात समेत चार लाख की संपत्ति लूटकर फरार

Published: Tue, 25 Jun 2024 09:35 AM (IST)

झारखंड के धनबाद में सोमवार की रात राशन दुकानदार के घर डकैती की घटना को अंजाम दिया गया। इस दौरान ...और पढ़ें

Dhanbad Crime: धनबाद में राशन दुकानदार के घर डकैती (फोटो- जागरण)
Dhanbad Crime: धनबाद में राशन दुकानदार के घर डकैती (फोटो- जागरण)

HighLights

  1. जेवरात समेत चार लाख की संपत्ति लूटकर फरार
  2. हथियारों से लैस डकैतों ने वारदात को दिया अंजाम
  3. रात 12:30 बजे आधा दर्जन की संख्या में थे् डकैत

जागरण संवाददाता, टुंडी (धनबाद)। धनबाद जिले के पश्चिमी टुंडी के मनियाडीह थाना क्षेत्र के बस्तीकुल्ही गांव में सोमवार की रात हथियार लैस डकैतों ने राशन दुकानदार के यहां धावा बोलकर लगभग चार लाख की संपत्ति लूट ली। इस दौरान डकैतों ने गृहस्वामी को बंधक बनाकर मारपीट कर घायल कर दिया।

घटना की सूचना मनियाडीह पुलिस को देने के बाद भी घटनास्थल पर नहीं पहुंची। इससे ग्रामीणों में पुलिस के प्रति आक्रोश दिख रहा है।

पिस्तौल से लैस डकैतों ने दिया वारदात को अंजाम

कैसे हुई घटना-बस्तीकुल्ही गांव में रात 12:30 बजे लगभग आधा दर्जन की संख्या में पिस्तौल से लैस डकैतों ने राशन दुकानदार शूकर मुर्मू के घर में धावा बोल दिया। उस समय पति पत्नी बगल के गांव पहाड़पुर के एक शादी समारोह से लौटकर सोये थे। डकैतों ने दोनों पति-पत्नी को पिस्तौल सटाकर बंधक बना लिया। विरोध करने पर मारपीट की तथा एक कमरे में कैद कर दिया।

इस दौरान डकैतों ने राशन दुकान में रखें लगभग 35 हजार नगद, दो सोने का लाकेट, दो जोड़ा सोने की कानबाली व अन्य सोने के जेवरात तथा चांदी के सामान लूट कर ले गए। लूटे गए सामानों की वजन लगभग एक किलोग्राम था। गृहस्वामी शूकर मुर्मू ने बताया कि सभी डकैत खोरठा, हिंदी, संथाली में बातचीत कर रहे थे।

पुलिस को लेकर लोगों में काफी गुस्सा 

डकैतों के जाने के बाद हमने आवाज देकर ग्रामीणों को बुलाया व बंधक से मुक्त होकर लोगों को आपबीती सुनाई व पुलिस को सूचना दी।

घटना की जानकारी मिलने पर स्थानीय मुखिया इंद्रलाल बास्की घटनास्थल पहुंचे व भुक्तभोगी से घटना की जानकारी ली। उन्होंने घटना की जानकारी मनियाडीह पुलिस को भी दी, मगर घटना के 12 से 13 घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस घटनास्थल पर नहीं पहुंची है। इससे गांव में दहशत का माहौल है। लोगों में पुलिस की इस लापरवाही को लेकर काफी गुस्सा दिख रहा है।

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