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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 31, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

अमरनाथ यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या हुई चार लाख के पार, उपराज्यपाल सिन्हा ने दी बधाई

Published: Thu, 31 Jul 2025 03:07 PM (IST)

श्री अमरेश्वर धाम की वार्षिक तीर्थयात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या चार लाख पार कर गई है। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने ...और पढ़ें

पहली अगस्त से यात्रा बालटाल मार्ग से ही जारी रहेगी, जबकि छड़ी मुबारक पहलगाम के रास्ते जाएगी।
पहली अगस्त से यात्रा बालटाल मार्ग से ही जारी रहेगी, जबकि छड़ी मुबारक पहलगाम के रास्ते जाएगी।

राज्य ब्यूरो, जागरण, श्रीनगर। समुद्रतल से लगभग 3888 मीटर कीऊंचाई पर स्थित श्री अमरेश्वर धाम, जहां भगवान शिव ने मां पार्वती को अमरत्व की कथा सुनाई थी, की वार्षिक तीर्थयात्रा 2025 में भाग लेने वाले श्रद्धालुओं की संख्या गुरूवार को चार लाख का आंकड़ा पार कर गई।

श्री अमरेश्वर धाम में सावन मास में भगवान शिव हिमलिंग स्वरूप में विराजमान होते हैं और उनके दर्शनार्थ देश विदेश से श्रद्धालु आते हैं। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने तमाम चुनौतियों के बीच श्री अमरेश्वर धाम में विराजमान हिमलिंग स्वरूप भगवान शिव के दर्शन करने वाले श्रद्धालओं की संख्या चार लाख को पार करने पर, तीर्थयात्रा के आयोजन में शामिल सभी संबधित एजेंसियों का आभार भी जताया है।

उपराज्यपाल ने कहा कि बाबा अमरनाथ असंभव को संभव बनाते हैं। उनके आशीर्वाद से, आज पवित्र यात्रा चार लाख के आंकड़े को पार कर गई। मैं इस चमत्कार के लिए भगवान शिव को नमन करता हूं और इस पवित्र यात्रा को भक्तों के लिए एक दिव्य अनुभव बनाने में शामिल सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त करता हूँ।

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श्री अमरेश्वर धाम जिसे श्री अमरनाथ की पवित्र गुफा के नाम से पुकारा जाता है, की वार्षिक तीर्थयात्रा गत तीन जुलाई से जारी है। इस वर्ष यात्रा के प्रमुख आधार शिविर पहलगाम में 22 अप्रैल को आतंकियों द्वारा 26 लोगों की हत्या किए जाने के बाद लोगों में डर पैदा हो गया था। सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे थे और ऐसा लगने लगा था कि इस वर्ष तीर्थयात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या में रिकार्ड गिरावट आएगी।

आतंकी संगठनों द्वारा इस तीर्थयात्रा का लगातार विरोध किया जाता है और वह कईबार श्री अमरनाथ जी के श्रद्धालुओं पर हमला भी कर चुके हैं। इन सभी चुनौतियों के बीच उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के नेतृत्व में सुरक्षाबलों ने पूरे यात्रा मार्ग की सुरक्षा की एेसी व्यूह रचना की,जिससे श्रद्धालुओं में सुरक्षा एवं विश्वास की भावना का संचार हुआ।

कश्मीर घाटी में भी सुरक्षा की मजबूती का असर जमीनी स्तर पर नजर आया और श्री अमरनाथ जी के श्रद्धालुओं की संख्या यात्रा जैसे जैसे आगे बढ़ी, श्रद्धालुओं की संख्या भी लगातार बढ़ी। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने आज पवित्र गुफा में हिमिलंग स्वरूप में विराजमान भगवान शंकर के दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या के चार लाख पार करने पर सभी संबधित सुरक्षा और प्रशासनिक एजेंसियों व लंगर समितियों का आभार जताया।

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उन्होंने कहा कि बाबा अमरनाथ ने असंभव को संभव बना दिया। उन्होंने कहा कि देश और दुनिया भर से भक्तों का रिकार्ड संख्या में श्री अमरनाथ जी की गुफा में दर्शन और आगमन भारत की एकता और चुनौतियों पर विजय पाने के उसके संकल्प का प्रमाण है। मैं उन भक्तों का हृदय से आभारी हूं, जिन्होंने अपार आस्था दिखाई है और हमारी अमूल्य आध्यात्मिक विरासत को सुदृढ़ किया है।

यह दिव्य यात्रा अतुलनीय है, इसलिए नहीं कि यह कठिन और चुनौतीपूर्ण है, बल्कि इसलिए कि यह परमानंद की एक अद्वितीय यात्रा है। यह एक आध्यात्मिक अनुभव है और भक्तों को स्वयं को जानने का अवसर प्रदान करता है, गहरा विश्वास प्रदान करता है और उनके हृदय को असीम कृतज्ञता से भर देता है।

इस बीच, श्री अमरनाथ श्राईन बोर्ड ने श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पहली अगस्त से सिर्फ बालटाल के मार्ग से ही पवित्र गुफा के लिए तीर्थयात्रा को बहाल रखने का निर्णय लिया है। गत दिनों हुई बारिश में पहलगाम-पवित्र गुफा मार्ग पर कइई जगह भूस्खलन होने से यात्रा मार्ग सही नहीं रहा है।

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अलबत्ता, श्री अमरेश्वर धाम की पवित्र छड़ी मुबारक पवित्र गुफा के लिए पहलगाम के रास्ते से ही अपनी यात्रा करेगी। तीर्थयात्रा नौ अगस्त रक्षाबंधन के दिन संपन्न होगी।