कश्मीर में आगजनी की घटनाओं से सबक नहीं ले रहे लोग, इलेक्ट्रिक ब्लैंकेट से लगी आग में मकान क्षतिग्रस्त
कश्मीर घाटी में इलेक्ट्रिक ब्लैंकेट से आग लगने की घटनाएं बढ़ रही हैं। अग्निशमन विभाग की चेतावनियों के बावजूद लोग सावधानी नहीं बरत रहे। श्रीनगर के एचएम ...और पढ़ें

अग्निशमन विभाग के दल ने समय पर पहुंच हादसे को बढ़ने से टाल दिया। फाइल फोटो।
जागरण संवाददाता, श्रीनगर। कश्मीर घाटी के लोग अभी भी बाज नहीं आ रहे। पिछले दो महीनों के भीतर घाटी में आगजनी की काफी घटनाएं पेश आई हैं। जिसके बाद अग्निशमन विभाग ने लोगों को जागरूक किया कि अधिकतर मामलों में आग लगने का कारण इलेक्ट्रिक ब्लैंकेट रहा है।
ऐसे में वह घटिया कंपनी का ब्लैंकेट इस्तेमाल न करें। खासकर गर्माहट होने के बाद सोने से पहले ब्लैंकेट को बंद कर दें ताकि उन्हें किसी हादसे का सामना न करना पड़े।
अपील के बाद भी जागरूक नहीं हो रहे लोग
विभाग की इस अपील का लोगों पर कोई असर होता नजर नहीं आ रहा है। यही वजह है कि श्रीनगर के बाहरी इलाके एचएमटी की शाह विलायत कालोनी, सेक्टर 8 में एक बार फिर शुक्रवार और शनिवार की रात को इलेकट्रिक ब्लैंकेट में बिजली का शार्ट सर्किट होने से लगी आग में एक रिहायशी मकान क्षतिग्रस्त हो गया।
अलबत्ता अग्निशमन विभाग की तुरंत कारवाई के चलते आग को और अधिक फैलने से रोक एक बड़ा हादसा टाल दिया गया। प्राप्त जनकारी के अनुसार उक्त कालोनी में रहने वाले एक परिवार ने रात को कड़ाके की ठंड से बचने के लिए एलकट्रिक ब्लैंकेट लगा के रखी थी जिसमें अचानक शार्ट सर्किट हो गया और बकौल परिवार के उससे निकलने वाली चिंगारियों से मकान के लकड़ी से बनी पैंनलिंग ने आग पकड़ ली।
परिवार के सदस्य सुरक्षित निकलने में हुए कामयाब
अपनी जाने बचाने के लिए परिवार के सभी सदस्य वहां से बाहर निकलने में कामयाब हो गए और तुरंत दमकलकर्मियों को सूचित कर दिया। सूचना मिलते ही दमकलकर्मी वहां पहुंचे और तुरंत आग बुझाने की कोरर्वाई शुरू कर आग पर काबू पा लिया, अलबत्ता इस बीच मकान को आग से क्षति पहुंच गई।
अग्निशमन विभाग ने एक बार फिर लोगों से आग्रह किया है कि वह सर्दियों के इस मौसम में गर्मी पहुंचाने वाले उपकरणों का सावधानी से इस्तेमाल करें।बता देते हैं कि उक्त विभाग ने एक हालिया सर्वे के दौरान कहा था कि घाटी में अधिकतर आग लगने की घटनाएं इलेक्ट्रिक ब्ललैंकटों के गलत इस्तेमाल से घटती हैं।

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