यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 27, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
'हमें सतर्क रहना होगा...', प्रेस कॉन्फ्रेंस में BSF ने कहा- ऑपरेशन सिंदूर के बाद फिर घुसपैठ की तैयारी में आतंकी
बीएसएफ ने ऑपरेशन सिंदूर पर प्रेस कॉन्फ्रेंस की जिसमें बताया गया कि कैसे जवानों ने दुश्मन के मंसूबों को नाकाम ...और पढ़ें

HighLights
- बीएसएफ दो चौकियों के नाम बलिदानियों के नाम पर रखेगी
- BSF आईजी बोले- ऑपरेशन सिंदूर अभी खत्म नहीं हुआ
- IG शशांक आनंद ने कहा- आतंकी बॉर्डर पर फिर कर सकते हैं घुसपैठ
एएनआई, श्रीनगर। ऑपरेशन सिंदूर को लेकर जम्मू-कश्मीर में मंगलवार को सीमा सुरक्षा बल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इसमें अधिकारियों ने बताया कि कैसे जवानों ने दुश्मन के मंसूबों पर पानी फेरा और किस तरह पाकिस्तान की चौकियों को सुरक्षाबलों ने नेस्तानाबूद करने का काम किया।
इसी बीच बीएसएफ ने आने वाले दिनों में आतंक और हमले की चुनौतियों के बारे में भी बताया। जम्मू फ्रंटियर के बीएसएफ के महानिरीक्षक शशांक आनंद ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर अभी भी जारी है। क्योंकि हम पाकिस्तान पर भरोसा नहीं कर सकते।
उन्होंने कहा कि सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने अंतरराष्ट्रीय सीमा पर अपनी चौकसी में कोई कमी नहीं आने दी है। आईजी ने सीमा रेखा पर घुसपैठ के प्रयासों की आशंका जताई और कहा कि सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) हाई अलर्ट पर है। हम अपनी चौकसी में कोई कमी नहीं आने दे सकते।
पाकिस्तानी की ओर से हमले की आशंका और गोलीबारी को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि सीमा पर सुरक्षाबलों की चौकसी बढ़ा दी गई है। उन्होंने कहा कि ऐसी सूचनाएं थीं कि दुश्मन किसी तरह की शरारत या सीमा पार से गोलीबारी अथवा घुसपैठ की योजना बना सकता है। हम इससे निपटने के लिए तैयार और सतर्क हैं।
पाकिस्तान पर भरोसा नहीं: आईजी
आईजी ने कहा कि पाकिस्तान पर भरोसा नहीं किया जा सकता, इसलिए ऑपरेशन सिंदूर अभी भी जारी है। बीएसएफ अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पूरी तरह तैयार और सतर्क है। आनंद ने यह भी कहा कि सहायक कमांडेंट नेहा भंडारी सहित बीएसएफ की महिला कर्मियों ने अग्रिम चौकियों पर तैनात होकर अनुकरणीय साहस दिखाया है।इसके साथ उन्होंने कहा कि हम सांबा सेक्टर में एक चौकी का नाम ऑपरेशन सिंदूर और दो अन्य का नाम शहीदों के नाम पर रखने का प्रस्ताव कर रहे हैं।
बीएसएफ द्वारा अतीत में घुसपैठ की कोशिशों को विफल करने के बारे में बताते हुए अधिकारियों ने कहा कि उन्होंने अंतरराष्ट्रीय सीमा पर 40 से 50 संदिग्ध आतंकवादियों द्वारा घुसपैठ की कोशिश को पूर्व-आक्रमण के साथ गोलाबारी के दौरान असफल कर दिया था।
उन्होंने कहा कि बीएसएफ ने सियालकोट सेक्टर में पाकिस्तानी गोलाबारी की आड़ में सीमा पार करने की कोशिश कर रहे संदिग्ध आतंकवादियों की एक बड़ी घुसपैठ की कोशिश को सफलतापूर्वक नाकाम कर दिया है।
'दुश्मन को पीछे हटने पर किया मजबूर'
आईजी ने कहा कि हमने एहतियाती हमले किए और दुश्मन को भारी नुकसान पहुंचाया। जिससे आक्रमणकारियों को पीछे हटने पर मजबूर होना पड़ा। सुरक्षाबलों की कार्रवाई से पाकिस्तान के सैनिक, रेंजर्स और आतंकवादी हताहत हुए। उन्होंने कहा कि सीमा पार से फायरिंग और इसकी आड़ में घुसपैठ करने के इनपुट अभी भी मिल रहे हैं। इन खतरों से निपटने के लिए हम तैयार हैं और बीएसएफ व सेना संयुक्त रूप से अभियान चला रही हैं।आईजी ने कहा कि हम जमीन के हर इंच पर कड़ी नजर रख रहे हैं।
