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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 01, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

जम्मू के विद्यार्थी पुरुषार्थ सिंह का आरआइएमसी देहरादून में चयन, राजनीतिज्ञ बोले- प्रदेश के लिए गर्व की बात

Published: Mon, 01 Sep 2025 12:58 PM (IST)

जम्मू के विद्यार्थी पुरुषार्थ सिंह का प्रतिष्ठित राष्ट्रीय भारतीय सैन्य कॉलेज देहरादून में चयन हुआ है। वह जम्मू कश्मीर और ...और पढ़ें

पुरुषार्थ सेना में जाकर देश सेवा करना चाहता है।
पुरुषार्थ सेना में जाकर देश सेवा करना चाहता है।

राज्य ब्यूरो, जागरण, जम्मू। जम्मू के विद्यार्थी पुरुषार्थ सिंह का आरआइएमसी में चयन हुआ है। पुरुषार्थ सिंह पुत्र राजेंद्र सिंह और संगीता चिब जम्मू छावनी के रायपुर सतवारी निवासी हैं, का प्रतिष्ठित राष्ट्रीय भारतीय सैन्य कॉलेज (आरआईएमसी), देहरादून में प्रवेश के लिए चयन किया गया है।

वह जम्मू कश्मीर और लेह केंद्र शासित प्रदेशों से इस साल के सत्र में प्रवेश प्राप्त करने वाले एकमात्र छात्र हैं, जिससे क्षेत्र का सम्मान बढ़ा है।

वहीं विधायक विक्रम रंधावा, विधायक नरेंद्र सिंह ने इसे प्रदेश के लिए गर्व की बात बताते हुए पुरुषार्थ और उनके परिजनों को बधाई दी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि पुरुषार्थ आगे भी इसी तरह जम्मू-कश्मीर का नाम राेशन करेगा।

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साल 1922 में स्थापित, आरआइएमसी भारत के सबसे पुराने और सबसे प्रतिष्ठित सैन्य कालेजों में से एक है। इसका उद्देश्य रक्षा सेवाओं में प्रवेश के लिए युवा कैडेटों को तैयार करना और उन्हें सशस्त्र बलों के भावी नेताओं के रूप में तैयार करना था।

प्रवेश को देश में सबसे कठिन माना जाता है, जिसमें उम्मीदवारों को एक कठोर तीन-चरणीय प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है, जिसमें देशव्यापी लिखित परीक्षा, वाइवा-वोसे और चिकित्सा मूल्यांकन शामिल हैं। भारत भर से केवल मुट्ठी भर छात्रों को साल में दो बार प्रवेश दिया जाता है।

पुरुषार्थ सिंह, जो पहले जम्मू के कुंजवानी स्थित जेके पब्लिक स्कूल में कक्षा आठ के छात्र थे, ने चयन प्रक्रिया के दौरान उत्कृष्ट दृढ़ता, शैक्षणिक योग्यता और व्यक्तित्व का प्रदर्शन किया। उनकी यह उपलब्धि न केवल उनके मेहनत को दर्शाती है, बल्कि उनके परिवार और शिक्षकों के अटूट समर्थन को भी प्रदर्शित करती है।

उनके माता-पिता ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह उपलब्धि क्षेत्र के कई युवा इच्छुक लोगों को प्रेरित करेगी जो सशस्त्र बलों में शामिल होने का सपना देखते हैं। इस उपलब्धि के साथ, पुरुषार्थ जम्मू-कश्मीर के उन छात्रों की गौरवशाली विरासत में शामिल हो गए हैं जिन्होंने आरआइएमसी में जगह बनाई है और सशस्त्र बलों में एक अधिकारी के रूप में राष्ट्र की सेवा करने की आकांक्षा रखते हैं। पुरुषार्थ सेना में जाकर देश सेवा करना चाहता है।

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बताते चलें कि जम्मू-कश्मीर में इस प्रतिष्ठित कालेज के लिए जम्मू के छात्र सिमरनदीप सिंह का भी चयन हुआ था और बाद में वह सिविल सविस में चले गए। जम्मू के डिप्टी कमिश्नर के पद पर रहने के बाद अब वह केंद्रीय वित्त मंत्रालय में निदेशक के पद पर तैनात हैं।