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    हरियाणा: व्यासपुर में धूल का कहर, ओवरलोड डंपरों से उड़ती मिट्टी ने जीवन बनाया दूभर; बढ़ रहा दुर्घटनाओं का खतरा

    Updated: Sun, 04 Jan 2026 03:10 PM (IST)

    व्यासपुर में ओवरलोड डंपरों से उड़ती धूल और सड़क पर गिरी मिट्टी ने जनजीवन दूभर कर दिया है। इससे राहगीरों, विशेषकर पैदल व दोपहिया वाहन चालकों को भारी पर ...और पढ़ें

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    व्यासपुर क्षेत्र में ओवरलोड डंपरों से उड़ती धूल ने स्थानीय लोगों का जीवन दूभर कर दिया है (फोटो: जागरण)

    संवाद सहयोगी, व्यासपुर। क्षेत्र में इन दिनों मिट्टी से भरे ओवरलोड डंपरों के आवागमन से स्थानीय लोगों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। डंपरों से गिर रही मिट्टी और सड़क पर उड़ते धूल के गुबार ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। मुख्य सड़कों पर दिनभर धूल का ऐसा हाल रहता है कि राहगीरों का निकलना मुश्किल हो गया है। विशेष रूप से पैदल चलने वाले और दोपहिया वाहन चालक सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं।

    स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि समस्या के समाधान के लिए तुरंत कदम उठाए जाएं। लोगों का कहना है कि सड़क पर नियमित रूप से पानी का छिड़काव कराया जाए, ताकि धूल पर नियंत्रण पाया जा सके। स्थानीय लोगों का कहना है कि ओवरलोड डंपर जब तेज गति से गुजरते हैं, चालक ब्रेकर पर भी डपंर की स्पीड़ का धीमा नही करता है जिसके कारण उनमें भरी मिट्टी सड़क पर गिर जाती है।

    इसके बाद वाहनों के आवागमन से वही मिट्टी उड़कर घने धूल के गुबार में बदल जाती है। धूल आंखों में पड़ने से वाहन चालकों को सामने कुछ भी दिखाई नहीं देता, जिससे किसी भी समय हादसा होने का डर बना रहता है। कई बार दोपहिया चालक अचानक ब्रेक लगाने को मजबूर हो जाते हैं, जिससे फिसलने या टकराने की आशंका और बढ़ जाती है।

    क्षेत्रवासी प्रवेश कुमार अरुण कुमार, रंजीत सैनी, अनिल कुमार का कहना है कि संबंधित विभाग इस गंभीर समस्या पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। नियमों के अनुसार डंपरों को ढककर चलाया जाना चाहिए, ताकि मिट्टी या निर्माण सामग्री सड़क पर न गिरे लेकिन यहां नियमों की खुलेआम अनदेखी हो रही है। खाली डंपर भी तेज गति से शिव चौंक से चौराही मार्ग तक वाहन काे लेकर जाते है।

    जिसके कारण दुर्घटना का खतरा बना रहता है। दुकानदारों और घरों में रहने वाले लोगों को भी धूल से भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। दुकानों के बाहर रखा सामान धूल से भर जाता है, वहीं घरों में खिड़की-दरवाजे बंद रखने के बावजूद धूल अंदर तक पहुंच रही है। बुजुर्गों, बच्चों और सांस के रोगियों को इससे खासा दिक्कत हो रही है। इसके साथ ही ओवरलोड डंपरों पर सख्त कार्रवाई की जाए और बिना ढके सामग्री ले जाने वाले वाहनों पर जुर्माना लगाया जाए।