Haryana Farmers: किसानों के लिए काम की खबर, कब करें धान की बुवाई? बेहतर पैदावार के लिए एक्सपर्ट की सलाह
कृषि विभाग के अनुसार धान की सीधी बुवाई के लिए 25 जून के बाद का समय सबसे अच्छा है। इससे पैदावार अच्छी होती है और पानी की बचत भी होती है। जल्दबाजी में बुवाई करने से नुकसान हो सकता है। विभाग किसानों को जागरूक करने के लिए अभियान चला रहा है और सीधी बिजाई करने पर सरकार सब्सिडी भी दे रही है।

जागरण संवाददाता, सोनीपत। कृषि विभाग ने धान की सीधी बिजाई के लिए 25 जून के बाद का समय उपयुक्त बताया है। इस समय धान की सीधी बिजाई करने से न केवल फसल की पैदावार अच्छी होगी, बल्कि पानी की भी बचत होगी।
कृषि विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जल्दबाजी में की गई धान की सीधी बिजाई व रोपाई किसान को नुकसान पहुंचा सकती है। कृषि विभाग किसानों को इस बारे में जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चला रहा है।
खेतों की जुताई कर छोड़ दें
डॉ. संदीप अंतिल ने कहा कि जिन क्षेत्रों में यमुना नदी नजदीक है, वहां भी सीधी बिजाई सफलतापूर्वक की जा सकती है। उन्होंने किसानों से आग्रह किया कि वे पहले खेतों की अच्छी तरह से जुताई करें और कुछ समय के लिए खेतों को खुला छोड़ दें, जिससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति बढ़ेगी।
रोपाई का उपयुक्त समय 15 जून के बाद
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. संदीप अंतिल ने बताया कि धान की परंपरागत रोपाई की अपेक्षा सीधी बिजाई में पानी कम लगता है और फसल की जड़ें भी बेहतर तरीके से विकसित होती हैं। इससे उत्पादन में बढ़ोतरी होती है। उन्होंने बताया कि धान की रोपाई का उपयुक्त समय 15 जुलाई के बाद का माना जाता है।
इससे पहले की गई रोपाई से पौधे ठीक से विकसित नहीं हो पाते और किसान को नुकसान उठाना पड़ सकता है। सीधी बिजाई को बढ़ावा देने के लिए सरकार सब्सिडी भी दे रही है। अगर किसान इस विधि को अपनाते हैं तो उन्हें आर्थिक लाभ के साथ-साथ पानी की बचत और पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान मिलेगा।
किसानों को जागरूक करने के लिए कृषि विभाग की ओर से गांवों में विशेष शिविर लगाए जाएंगे, जिसमें उन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी दी जाएगी।
डॉ. संदीप ने किसानों से अपील की कि वे मौसम, मिट्टी और जल स्त्रोत को ध्यान में रखते हुए सीधी बिजाई करें। सही समय पर और सही विधि से की गई खेती ही किसानों के लिए फायदेमंद साबित होती है।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।