Internet Ban in Haryana: 200 गांवों के लिए मुसीबत बना इंटरनेट बैन, राशन उपभोक्ताओं को नहीं मिल पा रहा अनाज
दिल्ली कूच करने को लेकर डटे किसानों के कारण सरकार ने हरियाणा में इंटरनेट सुविधा (Internet Ban in Haryana) 11 फरवरी से बंद कर रखी है। इस कारण छात्रों को पढ़ाई की दिक्कतें आ रही हैं। वहीं इंटरनेट बंद होने के कारण 200 गांवों का राशन वितरण भी अटक गया है। दूसरे गांव में लोगों को बुलाकर पर्चियां काटनी पड़ रही हैं।
जागरण संवाददाता, सिरसा। किसानों के दिल्ली कूच के चलते इंटरनेट सुविधा बीती 11 फरवरी से बंद है, जिसके कारण ऑनलाइन लेनदेन सहित हर प्रकार का काम प्रभावित हो रहा है। उपायुक्त ने डिपो धारकों को किसी भी तरह राशन वितरण के निर्देश दिए है। जिले के 200 गांवों में इंटरनेट सुविधा न होने के कारण डिपो धारकों की परेशानी बढ़ गई है। कहीं पर डिपो धारक उपभोक्ताओं को इंटरनेट चलने वाले गांव में बुलाकर पर्ची काट रहे हैं तो कहीं पर उपभोक्ता व पंचायत खुद के स्तर पर केबल का जुगाड़ कर काम चला रहे हैं।
इंटरनेट न होने के कारण प्रभावित हो रहे 200 गांव
जिले में 502 डिपो हैं, जिसमें दो लाख 57 हजार 537 उपभोक्ताओं के कार्ड बने हुए हैं। जिले में अब फरवरी का राशन वितरित किया जा रहा है। नेट की सुविधा न होने के कारण अभी तक 47 फीसदी उपभोक्ताओं को राशन वितरित नहीं किया जा सका है। राशन वितरण के पांच दिन ही शेष रहे गए है। उपायुक्त पार्थ गुप्ता ने भी डिपो धारकों को राशन वितरित करने के लिए वाईफाई की सुविधा लेकर काम चलाने के निर्देश दिए है। ग्रामीण क्षेत्रों में इंटरनेट की सुविधा न होने के कारण अभी तक 200 गांवों में राशन वितरण का काम तक शुरू नहीं हो पाया है।
हालांकि डिपो धारक अब जैसे-तैसे कर उस गांव के उपभोक्ताओं को दूसरे गांव में बुलाकर पर्ची काट रहे हैं और उन्हें डिपो पर पर्ची दिखाकर राशन लेने की जानकारी दे रहे हैं। इसके कारण कई राशन डिपो धारकों अतिरिक्त कर्मचारी लगाने को भी मजबूर हो रहे हैं। जिले में अभी तक 53.67 फीसदी उपभोक्ताओं को ही राशन वितरित हो पाया है।
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आसपास से नेट लेकर चला रहा काम
नेट बंद होने के कारण डिपो धारकों ने कई स्थानों पर राशन वितरण का काम शुरू नहीं किया। अब कोई डिपो धारक अस्पताल, बैंक और पड़ोसी दुकान से वाईफाई लेकर राशन बांटते हुए दिखाई दे रहे हैं। हालांकि नेट की स्पीड कम होने के कारण धारकों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सुबह से शाम तक राशन लेने के लिए लोगों की डिपो तक भीड़ लग रही है।
एक जगह से दूसरी जगह पर चक्कर काटने को मजबूर हुए उपभोक्ता: अमरजीत
सिरसा जिला डिपो एसोसिएशन के प्रधान अमरजीत सिंह ने कहा कि जिले के करीब 70 फीसदी गांवों में इंटरनेट का एक भी केबल कनेक्शन नहीं है। राशन वितरण करने के लिए प्रशासन की ओर से जोर दिया जा रहा है। लेकिन नेट चलाने को लेकर प्रशासन कोई भी व्यवस्था नहीं कर रहा है। केबल का कनेक्शन लेने के लिए भी चार से पांच हजार रुपये का खर्च आता है। जिन गांवों में केबल कनेक्शन नहीं है उन गांवों के उपभोक्ताओं को दूसरे गांव में बुलाकर पर्ची काटी जा रही है। इसके कारण उपभोक्ता भी परेशान हो रहे है। अगर नेट की सुविधा शुरू की जाए तो इस तरह की परेशानी नहीं आएगी। कई गांवों में उपभोक्ता और पंचायत अपने स्तर पर इंटरनेट की व्यवस्था कर ही है।
- जिले में कुल डिपो धारक : 502
- जिले में कार्ड धारक : 2,57,537
- जिले में राशन वितरण फीसदी : 53.67
- जिले में राशन वितरण शेष : 46.33
- राशन वितरण के शेष दिन : 5
- जिले में गांवों की संख्या : 339
- गांवों में इंटरनेट की सुविधा नहीं : 200
- प्रदेश में राशन वितरण की स्थिति : 63.18
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