Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck

    भूंकप आपदा से निपटने के लिए नही हैं पर्याप्त संसाधन

    By JagranEdited By:
    Updated: Thu, 21 Dec 2017 07:32 PM (IST)

    संवाद सहयोगी, पलवल जिला प्रशासन ने भूकंप आपदा से बचने के लिए मॉक ड्रिल अभ्यास तो कर लिया ...और पढ़ें

    News Article Hero Image
    भूंकप आपदा से निपटने के लिए नही हैं पर्याप्त संसाधन

    संवाद सहयोगी, पलवल

    जिला प्रशासन ने भूकंप आपदा से बचने के लिए मॉक ड्रिल अभ्यास तो कर लिया, परंतु परमात्मा न करे यदि वास्तव में ही भूकंप आ जाए तो प्रशासन के पास इस आपदा के निपटने के लिए पर्याप्त साधन भी नहीं हैं। अभ्यास के लिए तो किराये पर साधन मंगवा लिए गए, परंतु यदि अचानक घटना घटित हो जाए तो न केवल प्रशासन के हाथ-पांव फूल जाएंगे, बल्कि जन धन की काफी बर्बादी भी होगी। पलवल वैसे भी ऊंची बसावट पर बसा है। कुछ कालोनियों में तो कई-कई मंजिला इमारतें हैं, जिनमें किसी में भी भूंकप रोधी यंत्र नहीं लगे हैं।

    प्रशासन के पास न तो अपनी कोई जेसीबी है और नहीं ट्रैक्टर-ट्रालियां। पेयजल के लिए टैंकर भी नहीं हैं। फायर बिग्रेड तथा बिजली विभाग के पास भी पर्याप्त साधन नहीं है। सिविल सचिवालय की पाइप लाइन बेकार पड़ी है। अग्निशमन यंत्र पुराने हो गए हैं। मोर्चरी छोटी है तथा मरे पशुओं को उठाने के लिए कोई साधन नहीं हैं। न ताबूत हैं और नहीं लकड़ियों का प्रबंध है। कुल मिलाकर प्रशासन के पास ऐसी आपदा के निपटने के लिए आवश्यक प्रबंध नहीं हैं।

    जिला उपायुक्त मनीराम शर्मा का मानना है कि वास्तव में ही ऐसी आपदा से निपटने के लिए पर्याप्त साधन व सुविधाएं नहीं हैं। उनके अनुसार बृहस्पतिवार को हुए मॉक ड्रिल कार्यक्रम के बाद जो कमियां पाई गई, उनकी सूची बनाई गई है। उनको दूर करने के प्रयास किए जाएंगे। स्कूलों में भी ऐसी आपदाओं से निपटने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। जेसीबी, एंबुलेंस, ट्रैक्टर-ट्राली, टैंकरों की कमी पूरी की जाएगी। सरकार ने भी इस कार्य के लिए 15 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए हैं। ऐसी आपदाओं से निपटने के लिए पूरी रणनीति बनाई जा रही है। इसमें सेना की भी मदद ली जाएगी।