विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

48 साल से किशोर कुमार के बिगड़े बोल पर रोमांस कर रहे हैं पति-पत्नी, Lata Mangeshkar की 'बदमाशी' से बना कल्ट गीत

Published: Sat, 10 Oct 2026 05:22 PM (IST)

लता मंगेशकर और किशोर कुमार की जोड़ी ने 48 साल पहले पति-पत्नी के रोमांस पर एक ऐसा गीत गाया था, ...और पढ़ें

किशोर कुमार-लता मंगेशकर ने गाया सबसे रोमांटिक गीत/ फोटो-इंस्टाग्राम

किशोर कुमार-लता मंगेशकर ने गाया सबसे रोमांटिक गीत/ फोटो-इंस्टाग्राम

HighLights

  1. किशोर कुमार ने इस गाने में की थी गलती 

  2. लता मंगेशकर के डर से पंचम दा रहे थे चुप 

  3. 48 साल से पति-पत्नी का फेवरेट बना हुआ है ये गाना

एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। किशोर कुमार (Kishore Kumar) और लता मंगेशकर की जोड़ी जब भी साथ आई, तो दो मधुर आवाजों ने एक समां बांध दिया। दोनों दिग्गज सिंगर्स ने वैसे तो कई सुपरहिट गाने साथ में गाए हैं, लेकिन उनकी जोड़ी का सबसे पॉपुलर गाना 48 साल पहले रिलीज हुआ था, जो आज हिंदी सिनेमा के सदाबहार गीतों में से एक है।

इस गाने से जुड़ा किस्सा ये है कि जब किशोर कुमार (Kishore Kumar Songs) ये रोमांटिक गाना गा रहे थे, तो वह उसमें इतने मग्न हो गए थे कि उन्होंने लाइनें गलत गा दी। जब किशोर कुमार ने गानों की लाइने गलत गाई तो लता मंगेशकर ने ऐसा रिएक्शन दिया कि स्टूडियो में बैठे पंचम दा और गुलजार साहब भी हैरान हो गए। कौन सा था वह गाना, नीचे पढ़ें उससे जुड़ा ये मशहूर किस्सा।

किशोर कुमार ने सुपरहिट गाने की गाई थीं गलत लाइन

किशोर कुमार और लता मंगेशकर (Lata Mangeshkar Songs) के जिस सदाबहार रोमांटिक गाने का जिक्र हम अपने लेख में कर रहे हैं। वह साल 1978 में रिलीज हुई रेखा (Rekha) और विनोद मेहरा की फिल्म घर का गीत है। गाने के लिरिक्स हैं 'आपकी आंखों में कुछ महके हुए से ख्वाब हैं। (Aap Ki Ankhon Mein Kuch Song) आज भी जब यह गाना बजता है तो पति-पत्नि पूरी तरह से रोमांस में डूब जाते हैं।

हालांकि, 'आपकी आंखों में कुछ महके हुए से ख्वाब हैं गाने को गाते हुए किशोर कुमार ने 'जब हिले' लाइन को 'लब हिले' लाइन गा दिया था, लेकिन उसकी गलती पर न तो उन्हें पंचम दा ने रोका और न ही इस गाने को लिखने वाले लिरिसिस्ट गुलजार साहब ने। किशोर कुमार को बीच में रोककर गलती न बताने की वजह कोई और नहीं, बल्कि लता मंगेशकर थीं।

Screenshot 2026-10-10 171502

छोटे-छोटे शब्दों का ध्यान रखती थीं लता मंगेशकर

पंचम दा और गुलजार साहब दोनों ही इस बात से भली भांति वाकिफ थे कि लता मंगेशकर शब्दों को लेकर बहुत सख्त थीं और आगे की लाइनें उन्हीं की ही थी। पंचम दा को ये डर था कि अगर गाने के फ्लो को तोड़ा गया, तो शायद वह बदमाशियां शब्द पर एतराज जताएंगी। हालांकि, लता मंगेशकर ने बिना कुछ बदले लाइने गाईं। गाना गाते-गाते उनके मुंह से एक बेहद प्यारी सी मुस्कान निकल गई।

 Video Credit- Ultra Bollywood

उनकी मुस्कान गाने का हिस्सा नहीं थी, लेकिन पंचम दा को लता दीदी का वो अंदाज इतना पसंद आया कि उन्होंने दोबारा रिटेक लेने के बारे में सोचा भी नहीं। अगर रिटेक होता तो शायद लता मंगेशकर का अंदाज गाने में एक मिठास घोलता है, वो पंचम दा को नहीं मिल पाता। रेखा और विनोद मेहरा के इस गीत को आए 48 साल बीत चुके हैं, लेकिन आज भी ये गाना लोगों के दिलों में बसा है।

यह भी पढ़ें- Lata Mangeshkar ने रेलवे स्टेशन पर गाया ये गीत, सिगरेट की पैकेट से बनी थी धुन; रिजेक्ट होने के बाद रचा इतिहास

यह भी पढ़ें- कश्मीर की 'खुशरंग हिना' के लिए Lata Mangeshkar ने गाया था ये खूबसूरत गाना, रवींद्र जैन ने लिखे थे बोल