लखनऊ (जेएनएन)। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव फतेह करने के लिए राजनीतिक दलों ने खूब ताकत लगाई। इनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैलियों की भी धूम रही। अब तक करीब डेढ़ दर्जन रैलियां कर चुके मोदी अभी पांच और रैलियां करेंगे। 

यह भी पढ़ें- यूपी चुनावः छिटपुट झड़पों के बीच अंबेडकरनगर में सर्वाधिक 64.88 फीसद मतदान

भाजपा उम्मीदवारों की ओर से प्रधानमंत्री की रैलियों की मांग बढ़ी है। छठे और सातवें चरण का चुनाव होना है। सोमवार को मोदी ने छठे चरण में आने वाले मऊ जिले में रैली की जिसमें बलिया और आजमगढ़ के भी उम्मीदवारों को जिताने की अपील की। 

तस्वीरों में देखें-यूपी में बैंक हड़ताल से नोटबंदी जैसे हालात

भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता शलभमणि त्रिपाठी ने बताया कि अब वह एक मार्च को महराजगंज और देवरिया की रैली को संबोधित करेंगे। फिर उनका रुख सातवें चरण के चुनाव की ओर होगा। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि सातवें चरण में प्रधानमंत्री की तीन मार्च को मीरजापुर, चार मार्च को जौनपुर और पांच मार्च को वाराणसी में रैली प्रस्तावित है। छठे और सातवें चरण में कुल 89 विधानसभा क्षेत्रों में चुनाव होना है। 

उल्लेखनीय है कि चुनाव अधिसूचना जारी होने के बाद मोदी ने चार जनवरी को मेरठ से रैली की शुरुआत की थी। फिर अलीगढ़, गाजियाबाद, बिजनौर, बदायूं, लखीमपुर खीरी, कन्नौज, हरदोई, बाराबंकी, फतेहपुर, उरई, इलाहाबाद, गोंडा, बहराइच, बस्ती और मऊ की रैलियों को संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने सर्वाधिक पांच रैलियां अवध क्षेत्र में की हैं। उन्होंने यहां खीरी, हरदोई, बाराबंकी, गोंडा और बहराइच में रैलियां की हैं। अमूमन भाजपा के एक सांगठनिक क्षेत्र में प्रधानमंत्री की दो-दो रैलियां प्रस्तावित थी लेकिन बाद में इसकी संख्या बढ़ा दी गई। 

Posted By: Nawal Mishra

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस