नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। टैक्सियों का फिटनेस, जीपीएस और सिम शुल्क माफ करने संबंधी दिल्ली सरकार के फैसले को लागू करने के लिए मंगलवार को परिवहन विभाग ने अधिसूचना जारी कर दी। इसके तहत अब परमिट फीस 2000 से घटाकर 500 रुपये कर दी गई है। इससे करीब 80 हजार टैक्सी वालों को लाभ मिल सकेगा।

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के निर्देश पर परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने गत 14 अक्टूबर को इस बारे में फैसला लिया था। इस योजना का लाभ उस टैक्सी को ही मिलेगा जो किसी व्यक्ति के नाम पर पंजीकृत होगी। इसका लाभ कंपनियों के नाम से पंजीकृत टैक्सियों को नहीं मिलेगा।

3 से 4 दिन में मिलने लगेगा लाभ

यह व्यवस्था दिल्ली परिवहन निगम के सॉफ्टवेयर में परिवर्तन हो जाने पर लागू कर दी जाएगी। इसके लागू होने में तीन से चार दिन लग सकते हैं। सरकार की योजना के अनुसार, टैक्सी की फिटनेस फीस 600 रुपये है। जिसका अब एक भी रुपया नहीं देना होगा। इसके अलावा जीपीएस की फीस 1420 रुपये और जीपीएस सिम की फीस 584 रुपये है।

इससे पहले दिल्ली सरकार ने टैक्सी पर लगने वाले फिटनेस, जीपीएस और सिम शुल्क को पूरी तरह से माफ करने की घोषणा की थी। जबकि परमिट शुल्क को दो हजार से घटाकर पांच सौ रुपये कर दिया गया था।

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पहले फिटनेस लेट होने पर पहले दिन एक हजार रुपये लगते थे। इसके बाद पचास रुपये जुर्माना देना होता था। लेकिन अब नए नियम के अनुसार, एक हजार की जगह पहले तीन सौ रुपये और पचास रुपये की जगह प्रतिदिन बीस रुपये देने होंगे। यानी यहां पर भी सरकार ने टैक्सी चालकों को बड़ी राहत दी है।

इससे पहले दिल्ली सरकार ने ऑटो की फिटनेस, जीपीएस और डिम्ट्स शुल्क को पूरी तरह माफ कर दिया था। केजरीवाल सरकार के इस फैसले का लाभ 90 हजार ऑटो चालकों को मिल रहा है। इसके बाद टैक्सी चालक भी इसकी मांग कर रहे थे। लंबे समय से मांग के अब उन्हें राहत मिली है।

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Posted By: Mangal Yadav

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