Farmer Protest: कुंडली बार्डर पर धरना दे रहे दो किसानों की मौत, पंजाब के रहने वाले थे मृतक
कुंडली बॉर्डर पर धरना दे रहे दो किसानों की बुधवार को मौत हो गई। मौत का कारण ह्रदय गति (हार्ट अटैक) का दौरा पड़ना बताया जा रहा है। मिली जानकारी के अनुसार दोनों मृतक पंजाब के रहने वाले थे।

नई दिल्ली/ सोनीपत [संजय निधि]। कुंडली बार्डर पर कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे आंदोलन में दो किसानों की बुधवार को मौत हो गई। मृतकों में पंजाब के जिला तरनतारन के गांव डल्ल दल डल्ल के रहने वाले जोगेंद्र और जिला बरनाला के चननवाल निवासी जसमेर शामिल हैं। ह्रदय गति रुकने से दोनों की मौत होने की आशंका जताई जा रही है। पंजाब के जिला तरनतारन के गांव डल्ल दल डल्ल के रहने वाले जोगेंद्र (68 वर्ष) बुधवार को धरनास्थल पर बने टेंट में मृत मिले। साथ आए किसानों ने मामले की सूचना कुंडली थाना पुलिस व स्वजन को दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल पहुंचाया।
पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार के लोगों को सौंप दिया गया। डाक्टरों ने बिसरा जांच के लिए सैंपल लिए हैं। फिलहाल स्वजन शव को लेकर पंजाब के लिए रवाना हो गए। उधर, शाम के समय कुंडली थाना पुलिस को पंजाब के ही जिला बरनाला के चननवाल के रहने वाले जसमेल (50) की मौत की सूचना मिली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल पहुंचाया।
थाना कुंडली थाना प्रभारी रवि कुमार ने बताया कि मृतक जोगेंद्र के शव का पोस्टमार्टम करवा शव परिवार के लोगों को सौंप दिया गया है। वहीं, दूसरे किसान जसमेर का शव पोस्टमार्टम के लिए रखवाया गया है।
लापता हुए किसानों के लिए बनाया हेल्प डेस्क
वहीं, गणतंत्र दिवस के दिन लाल किले पर हुए उपद्रव व हिंसा के दौरान गिरफ्तार और लापता लोगों के स्वजनों के लिए संयुक्त किसान मोर्चा ने एक हेल्प डेस्क स्थापित किया है। साथ ही कुछ मोबाइल नंबर भी सार्वजनिक किया गया है, जिस पर कोई भी लापता हुए किसानों के संबंध में जानकारी का आदान-प्रदान कर सकता है। इसके अलावा एक कमेटी भी गठित की गई है जो लगातार दिल्ली पुलिस और वकीलों के संपर्क में है।
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