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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 12, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

इस आरोप में AAP विधायक मुकेश अहलावत को नोटिस, ACB के निशाने पर आप के कई बड़े नेता

By Rajesh KumarEdited By: Rajesh Kumar
Published: Wed, 12 Feb 2025 04:36 PM (IST)

आम आदमी पार्टी के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने छह और सात फरवरी को एक्स ...और पढ़ें

AAP विधायक मुकेश अहलावत को एसीबी ने जारी किया नोटिस(फाइल फोटो)
AAP विधायक मुकेश अहलावत को एसीबी ने जारी किया नोटिस(फाइल फोटो)

HighLights

  1. एसीबी को जांच करने से इनकार किया आप नेता
  2. संजय सिंह ने लगाया था विधायक खरीदने के आरोप
  3. आप विधायक ने एसीबी को नहीं दिया कोई जबाव

जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। विधानसभा चुनाव के बाद सात फरवरी को मतगणना से एक दिन पहले एसीबी (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) की टीम आप विधायक मुकेश अहलावत के आवास पर गई और उन्हें दूसरी बार नोटिस देकर पूछताछ करने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने एसीबी के किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया और कोई साक्ष्य भी उपलब्ध नहीं कराए, जिसके कारण एसीबी की जांच आगे नहीं बढ़ पा रही है।

संजय सिंह ने भाजपा पर लगाया था आरोप

आप के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने छह और सात फरवरी को एक्स पर पोस्ट और मीडिया को दिए बयान में आरोप लगाया था कि मुकेश अहलावत और 15 अन्य प्रत्याशियों को भाजपा नेताओं की ओर से फोन आए और भाजपा में शामिल होने के लिए 15-15 करोड़ रुपये की पेशकश की गई।

आप विधायक ने एसीबी को नहीं दिया कोई जबाव

इसलिए एसीबी मंगलवार को मुकेश अहलावत के आवास पर नोटिस लेकर उनसे पूछताछ करने पहुंची, ताकि पिछली बार की तरह इस बार भी वह यह न कह सकें कि एसीबी बिना नोटिस दिए उनके घर पूछताछ के लिए आई है।

उन्होंने नोटिस तो ले लिया, लेकिन एसीबी के किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया। उन्होंने जांच में सहयोग नहीं किया। विधायक ने तीन-चार दिन बाद नोटिस का लिखित जवाब भेजने का आश्वासन दिया। केजरीवाल और संजय सिंह को अभी तक दूसरा नोटिस नहीं दिया गया है।

एसीबी नहीं मिला कोई सबूत

एसीबी प्रमुख संयुक्त आयुक्त मधुर वर्मा का कहना है कि 7 फरवरी को ही आप नेताओं से रिश्वत की पेशकश करने वाले नेताओं के नाम और नंबर के बारे में जानकारी मांगी गई थी, लेकिन न तो केजरीवाल और न ही मुकेश अहलावत ने कोई जानकारी दी।

संजय सिंह ने सबूत देने से किया इनकार

जब आप के राज्यसभा सदस्य संजय सिंह से पूछताछ की गई तो उन्होंने भी कोई सबूत देने से इनकार कर दिया। मधुर वर्मा का कहना है कि जिस तरह से आप नेताओं ने कोई जानकारी नहीं दी है और अब तक जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं, उससे साफ है कि उन्होंने सनसनी फैलाने के लिए ऐसी अफवाहें फैलाई हैं।

संजय सिंह ने लगाया था विधायक खरीदने के आरोप

गौरतलब है कि संजय सिंह ने सबसे पहले 7 फरवरी को ट्विटर पर पोस्ट कर आरोप लगाया था कि उनके सात उम्मीदवारों को फोन आ रहे हैं। उन्हें 15-15 करोड़ रुपये की पेशकश की जा रही है और उन पर भाजपा में शामिल होने का दबाव बनाया जा रहा है।

केजरीवाल ने लगाए 16 विधायक खरीदने के आरोप

उन्होंने एक एजेंसी को दिए इंटरव्यू में भी यही बात कही थी। बाद में केजरीवाल ने भी आरोप लगाया था कि उनके 16 उम्मीदवारों को लालच दिया जा रहा है। भाजपा पर लगे ऐसे गंभीर आरोपों को लेकर महासचिव विष्णु मित्तल ने उपराज्यपाल वीके सक्सेना से शिकायत कर जांच की गुहार लगाई थी।

उपराज्यपाल ने दिए जांच के आदेश

इसके बाद उपराज्यपाल ने एसीबी को तुरंत पूरे मामले की जांच करने को कहा था। एलजी से निर्देश मिलते ही एसीबी की तीन टीमों ने तीनों आप नेताओं के आवास पर जाकर उनसे पूछताछ करने का फैसला किया।

एसीबी को जांच करने से इनकार किया आप नेता

इसी बीच संजय सिंह के सिविल लाइंस स्थित एसीबी मुख्यालय में आने की सूचना मिलने पर वहां उनसे पूछताछ की गई लेकिन उन्होंने जांच में सहयोग नहीं किया। पूछताछ के लिए केजरीवाल और मुकेश अहलावत के आवास पर गई एसीबी की टीमों को अंदर नहीं जाने दिया गया।

दोनों ही जगहों पर एसीबी को नोटिस लेकर आने को कहा गया। जिसके चलते शाम को जब एसीबी नोटिस लेकर पहुंची तो भी उनके जांच में शामिल नहीं होने पर एसीबी दोनों को नोटिस देकर लौट गई।

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