यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 21, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Rekha Gupta Security: अब 'थ्री लेयर' हुआ CM रेखा गुप्ता का सुरक्षा घेरा, हमले के बाद केंद्र ने लिया बड़ा फैसला
केंद्र सरकार ने सीएम रेखा गुप्ता को सीआरपीएफ की जेड-श्रेणी की सुरक्षा दी है। यह फैसला जन सुनवाई कार्यक्रम के ...और पढ़ें

एएनआई, नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को बुधवार को 'जन सुनवाई' के दौरान हुए हमले के बाद केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की जेड-श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की है।
सीआरपीएफ के जवान गुरुवार सुबह दिल्ली पुलिस से उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी लेने के लिए मुख्यमंत्री आवास पहुंचे। चौबीसों घंटे सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री आवास और कार्यालय के आसपास अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं।
यह फैसला 'जन सुनवाई' कार्यक्रम के दौरान नागरिकों से बातचीत के दौरान गुप्ता पर कथित हमले के एक दिन बाद आया है। इस घटना ने उनकी सुरक्षा को लेकर चिंताएं पैदा कर दी हैं। इससे पहले, दिल्ली पुलिस दिल्ली की मुख्यमंत्री को सुरक्षा प्रदान कर रही थी।
जेड-श्रेणी की सुरक्षा केंद्र सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली उच्चतम सुरक्षा में से एक है और इसमें आमतौर पर 20 से अधिक सीआरपीएफ के जवान तैनात रहते हैं। इसमें ड्राइवर और एस्कॉर्ट वाहन शामिल होते हैं। यह केवल उन व्यक्तियों को दिया जाता है जिन्हें सर्वाधिक खतरे का सामना करना पड़ता है।
इस साल 20 फरवरी को दिल्ली की मुख्यमंत्री का पदभार संभालने क बाद रेखा गुप्ता लगातार 'जन सुनवाई' आयोजित करती रही है। सुरक्षा एजेंसियां पहले से ही उनके खतरे की समीक्षा कर रही थीं और मंगलवार की घटना के बाद केंद्र ने उनकी सुरक्षा तुरंत बढ़ा दी।
इस बीच, मामले के आरोपी राजेश खिमजी को बुधवार को दिल्ली की एक अदालत में पेश करने के बाद पांच दिनों की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109(1) (हत्या का प्रयास, 10 साल की कैद और जुर्माना) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) और स्पेशल सेल की टीम ने बुधवार को आरोपी से पूछताछ की।
पुलिस के अनुसार, राजेश खिमजी मंगलवार सुबह राजकोट से ट्रेन से पहली बार दिल्ली आए थे और सिविल लाइंस स्थित गुजराती भवन में रुके थे। खिमजी की मां भानुबेन ने कहा कि उनके बेटे ने कुत्तों के प्रति प्रेम के चलते ऐसा किया। उन्होंने मुख्यमंत्री से माफी की अपील करते हुए कहा कि उनका परिवार गरीब है। उन्होंने बताया कि रिक्शा चालक राजेश, दिल्ली में कुत्तों को सड़कों से हटाए जाने के वीडियो देखकर परेशान हो गया था और उज्जैन जाने की बात कहकर घर से निकल गया था।
