Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck

    सड़क हादसे में मौत मामले में नौ महीने बाद हुई एफआईआर, बवाना एसएचओ लाइन हाजिर

    Updated: Mon, 05 Jan 2026 03:44 AM (IST)

    बवाना में सड़क हादसे में युवक की मौत के मामले में नौ महीने बाद एफआईआर दर्ज करने में लापरवाही बरतने पर बवाना एसएचओ रजनीकांत को लाइन हाजिर किया गया है। ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    जागरण संवाददाता, बाहरी दिल्ली। सड़क हादसे में युवक की हुई मौत मामले में करीब नौ महीने बाद एफआईआर दर्ज करने के मामले में बवाना थाना एसएचओ रजनीकांत को लाइन हाजिर कर दिया गया है। पीड़ित परिवार की शिकायत पर बाहरी-उत्तरी जिला पुलिस उपायुक्त हरेश्वर वी स्वामी ने यह कार्रवाई की है।

    उपायुक्त ने साबित कर दिया है कि जिले में किसी भी तरह की कोई लापरवाही नहीं बरती जाएगी। लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों समेत अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    बाहरी-उत्तरी जिला के एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि बवाना थाना क्षेत्र में मार्च 2025 में सड़क हादसे में रंजन ठाकुर नाम का शख्स घायल हो गया था। जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

    इलाज के दौरान घायल ने दम तोड़ दिया। बवाना थाने के जिस जांच अधिकारी को केस की जिम्मेदारी सौंपी गई। कुछ ही दिनों में किसी जरूरी काम से वह छुट्टी पर चला गया। जिसके बाद यह जांच ठंडे बस्ते में चला गया। हालांकि इस दौरान पीड़ित परिवार ने एफआइआर को लेकर कई बार जानकारी भी ली। लेकिन इस मामले में एफआइआर करने में लापरवाही बरती गई।

    किसी तरह यह मामला जिले के पुलिस उपायुक्त हरेश्वर वी स्वामी को मिली। आनन-फानन में 31 दिसंबर 2025 को इस मामले में एफआईआर की गई। इस मामले में लापरवाही बरतने को लेकर उपायुक्त ने एसएचओ को लाइन हाजिर कर जांच के आदेश दिए हैं।