Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Vande Bharat Train: बिलासपुर से नागपुर के बीच चलेगी वंदे भारत ट्रेन, रेलवे बोर्ड से मिली स्वीकृति

    By Jagran NewsEdited By: Sonu Gupta
    Updated: Fri, 02 Dec 2022 04:31 AM (IST)

    दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे जोन को एक वंदे भारत ट्रेन मिल गई है। यह ट्रेन बिलासपुर से नागपुर के बीच चलेगी। रेलवे बोर्ड से इसकी स्वीकृति मिल गई है। हरी झंडी मिलने के साथ ही जोन व मंडल के रेल अफसरों के निरीक्षण का सिलसिला शुरू हो गया।

    Hero Image
    बिलासपुर से नागपुर के बीच चलेगी वंदे भारत ट्रेन। फाइल फोटो।

    बिलासपुर, जेएनएन। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे जोन को एक वंदे भारत ट्रेन मिल गई है। इसके साथ रूट भी तय हो गया। यह ट्रेन बिलासपुर से नागपुर के बीच चलेगी। रेलवे बोर्ड से इसकी स्वीकृति मिल गई है। हरी झंडी मिलने के साथ ही जोन व मंडल के रेल अफसरों के निरीक्षण का सिलसिला शुरू हो गया। गुरुवार को परिचालन, मैकेनिकल, विद्युत, कमर्शियल विभाग के अधिकारी कोचिंग डिपो का जायजा लेते रहे। अभी कोचिंग डिपो की मरम्मत होगी। बाद में इसके लिए अलग व्यवस्था की जाएगी।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    400 वंदे भारत ट्रेनें चलाने की हुई थी घोषणा

    केंद्रीय बजट में अगले तीन साल में नई पीढ़ी की 400 वंदे भारत ट्रेनें चलाने की घोषणा की गई थी। आधुनिक सुविधाओं से लैस इस ट्रेन की सौगात जोन को मिलने के अब तक केवल संकेत मिल रहे थे। अब रेलवे बोर्ड ने स्वीकृति दे दी है। हालांकि अभी अधिकारी इस संबंध में कुछ भी जानकारी देने से बच रहे हैं। निरीक्षण को पहुंचे अधिकारियों की टीम के बीच इसे लेकर चर्चा भी होती रही।

    कोचिंग डिपो में होगा मरम्मत का कार्य

    बोर्ड ने पहले ही कहा है कि बिलासपुर में इस ट्रेन की दो रैक की मरम्मत करने के लिए उचित स्थान चिंहित की जाएगी। हालांकि इसमें कुछ समय लगेगा। उससे पहले कोचिंग डिपो में ही मरम्मत का कार्य होगा। निरीक्षण के दौरान अधिकारी यह व्यवस्था करने में जुटे रहे है की परीक्षण के लिए वंदे भारत ट्रेन डिपो के अंदर कैसे पहुंचेगी। बिना लोकोमोटिव इंजन के ट्रैक पर दौड़ने वाली इस ट्रेन की मरम्मत के लिए अलग सेटअप तैयार होगा।

    परिचालय से रेल सेवा होगी बेहतर

    इसके तैयार होने से पहले कोचिंग डिपो में ही मरम्मत की व्यवस्था की जाएगी। पिछले दिनों अधिकारियों की एक टीम ने कोचिंग डिपो के सामने के हिस्से का जायजा लिया। इसके बाद पीछे की जगह का निरीक्षण किया। संभवत नया डिपो यही बनेगा। इसके लिए तैयारी भी चल रही है। मालूम हो की यह ट्रेन अत्याधुनिक तकनीक से लैस है। इसके परिचालन से रेल सेवा बेहतर होगी।

    यह भी पढ़ें- चीन में ओमिक्रॉन के वेरिएंट BA.5, BA.7 और XBB से बढ़े केस-मौतें, भारत के 98% लोगों में हर्ड इम्युनिटी ने बचाया

    यह भी पढ़ें- Fact Check : सावरकर पर बनी डॉक्युमेंट्री के वीडियो को अंडमान जेल का बताकर किया जा रहा शेयर