यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 27, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Gratuity Rule: क्या आपकी सैलरी से भी हर महीने कटती है ग्रेच्युटी? कब मिलती है इसकी राशि, जानें हर सवाल का जवाब
Gratuity in Salary सैलरीड पर्सन को कंपनी द्वारा Gratuity की सुविधा दी जाती है पर क्या आप जानते हैं कि ...और पढ़ें

बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली। जब भी कोई नई कंपनी ज्वाइन करते हैं तो हम बड़े ध्यान से ऑफर लेटर पढ़ते हैं। ऑफर लेटर में कंपनी सीटीसी (CTC), होम रेंट अलाउंस (HRA), बेसिक सैलरी (Basic Salary) के साथ बाकी कई सुविधा की जानकारी देता है।
इन सुविधाओं में से एक और सुविधा होती है जिस पर कई लोगों की नजर नहीं होती है।
हम बात कर रहे हैं ग्रेच्युटी (Gratuity) की । ग्रेच्युटी भी एक तरह का अलाउंस ही होता है। बता दें कि ग्रेच्युटी की राशि आपकी सैलरी से काटी जाती है। इसकी जानकारी कंपनी द्वारा ऑफर लेटर के साथ ही दे दी जाती है।
आपकी सैलरी से कितनी ग्रेच्युटी की राशि कटती है उसकी जानकारी आपको ऑफर लेटर में मिल जाएगी। इस आर्टिकल में इनके सवालों का जवाब जानते हैं।
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कितनी होती है ग्रेच्युटी की राशि
कंपनी ऑफर लेटर में ही बता देती है कि सीटीसी (Cost To Company) में ग्रेच्युटी का हिस्सा कितना है। जब भी कर्मचारी को सैलरी मिलती है तो उसमें से ग्रेच्युटी की राशि पहले ही कट जाती है। वैसे तो कई कंपनी बेसिक सैलरी का 4.81 फीसदी हिस्सा ग्रेच्युटी में देती है।
कर्मचारियों के लिए सरकार ने ग्रेच्युटी एक्ट भी बनाया है। ग्रेच्युटी एक्ट 1972 के मुताबिक हर महीने बेसिक सैलरी का 4.81 फीसदी हिस्सा ग्रेच्युटी के लिए काटा जाता है।
उदाहरण के तौर पर अगर किसी व्यक्ति की सालाना इनकम 5 लाख रुपये है उसमें से ग्रेच्युटी का हिस्सा 4.81 फीसदी होगा। यानी कि सालाना 24,050 रुपये ग्रेच्युटी फंड में जमा होगा। इसका मतलब है कि कंपनी हर महीने व्यक्ति की सैलरी से 2,000 रुपये ग्रेच्युटी के लिए काट लेती है।
वैसे तो ग्रेच्युटी देने की जिम्मेदारी कंपनी की होती है, जबकि कंपनी यह राशि कर्मचारी की सैलरी से काट लेती है।
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ग्रेच्युटी का राशि कब मिलती है
ग्रेच्युटी एक्ट 1972 के अनुसार कंपनी को अपने कर्मचारी के लिए ग्रेच्युटी प्रावधान रखना जरूरी होता है। इसी वजह से कर्मचारी की सैलरी से हर महीने ग्रेच्युटी की राशि काटी जाती है।
जब कोई कर्मचारी लगातार 5 साल से एक ही कंपनी में काम करता है तब उसे ग्रेच्युटी का लाभ मिलता है। अगर वह 5 साल से पहले नौकरी छोड़ या कंपनी बदलता है तो उसे ग्रेच्युटी का लाभ नहीं मिलेगा।

