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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 31, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

पेंशन लेने वालों के लिए बड़ी खुशखबरी, EPFO ने जारी की नई गाइडलाइन, ऐसे कर सकते हैं अप्लाई

By Siddharth PriyadarshiEdited By: Siddharth Priyadarshi
Published: Sat, 31 Dec 2022 03:22 PM (IST)Updated: Sat, 31 Dec 2022 03:43 PM (IST)

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने उच्च पेंशन के लिए पात्रता के संबंध में स्पष्टीकरण जारी किया है। ईपीएफओ ने ...और पढ़ें

EPFO issues guidelines on higher pension, Know How to apply
EPFO issues guidelines on higher pension, Know How to apply

नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने पेंशन पर सुप्रीम कोर्ट के नवंबर के आदेश को लागू करने के लिए सर्कुलर जारी किया है। ईपीएफओ ने उच्च पेंशन के लिए कर्मचारियों की पात्रता, आवश्यक दस्तावेजों और आवेदन प्रक्रिया पर विस्तृत दिशा-निर्देश निर्धारित किए हैं। अपने आदेश में ईपीएफओ ने कहा है कि केंद्र सरकार ने 22.12.2022 के पत्र के माध्यम से निर्देश दिया है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर माननीय सर्वोच्च न्यायालय के दिनांक 04.11.2022 के निर्णय के पैरा 44 (ix) में निहित निर्देशों को लागू करने के लिए ईपीएफओ द्वारा अपेक्षित कार्रवाई की जा सकती है।

किसको मिलेगी अधिक पेंशन

ईपीएफओ ने कहा कि सर्कुलर ऐसे कर्मचारियों से संबंधित है, जिन्होंने ईपीएफ योजना के तहत अधिक योगदान दिया है और अपनी सेवानिवृत्ति से पहले इस विकल्प का प्रयोग किया था, लेकिन आरपीएफसी के संबंधित कार्यालय द्वारा उनके विकल्प को स्पष्ट रूप से अस्वीकार कर दिया गया था या वेज कंट्रीब्यूशन को भविष्य निधि खातों में वापस डायवर्ट किया गया था।

कवरेज के लिए आवेदन कैसे करें

ईपीएफओ ने अक्टूबर में 12.94 लाख नेट सब्सक्राइबर जोड़े। सुप्रीम कोर्ट ने नवंबर में अपने फैसले में कहा कि जो कर्मचारी 1 सितंबर, 2014 से पहले रिटायर हुए थे, या जो पूर्व-संशोधन योजना के तहत पहले ही सदस्यता से बाहर निकल चुके हैं, वे इस फैसले का लाभ पाने के हकदार नहीं होंगे। ईपीएफओ ने यह भी कहा है कि जो कर्मचारी 31 सितंबर, 2014 से पहले सेवानिवृत्त हुए हैं, अगर उन्होंने 1995 की योजना के पैरा 11(3) के तहत विकल्प का प्रयोग किया है तो उन्हें पेंशन योजना के नए प्रावधानों से फायदा होगा, क्योंकि यह 2014 के संशोधन से पहले था।

अधिक पेंशन के लिए कौन आवेदन कर सकता है?

  • पेंशनभोगी जिन्होंने कर्मचारियों के रूप में 5,000 रुपये या 6,500 रुपये की प्रचलित वेतन सीमा से अधिक वेतन में योगदान दिया था।
  • जिन्होंने ईपीएस 1995 के सदस्य रहते हुए पूर्व-संशोधन योजना के पैरा 11(3) के प्रावधान के तहत संयुक्त विकल्प का प्रयोग किया; और
  • उनके इस तरह के विकल्प का प्रयोग पीएफ अधिकारियों द्वारा अस्वीकार कर दिया गया था।

पेंशनर कैसे करें अप्लाई

  • अनुरोध उस तरीके से किया जाएगा जैसा कि समय-समय पर आयुक्त द्वारा बताया जाएगा।
  • सत्यापन के लिए आवेदन पत्र में सरकारी अधिसूचना में दिए गए आदेश के अनुसार पूर्व में दिया गया अस्वीकरण शामिल होगा।
  • भविष्य निधि से पेंशन राशि में समायोजन की आवश्यकता वाले शेयर के मामले में फंड में पुनः जमा किया जाए, आवेदन पत्र में पेंशनभोगी द्वारा स्पष्ट सहमति दी जाएगी।
  • ईपीएफओ के पेंशन फंड में छूट प्राप्त भविष्य निधि ट्रस्ट से धन के हस्तांतरण के मामले में, ट्रस्टी का वर्जन भी प्रस्तुत किया जाएगा। वचनबद्धता इस आशय की होगी कि देय अंशदान भुगतान की तिथि तक ब्याज सहित निर्दिष्ट अवधि के भीतर जमा कर दिया जाएगा।
  • इस तरह की निधियों को जमा करने की विधि बाद के सर्कुलर के माध्यम से बताई जाएगी।

आवेदन करने के लिए जरूरी डॉक्यूमेंट्स

ईपीएफओ ने अपने सर्कुलर में कहा है कि आवेदन पत्र में साक्ष्य के लिए और आगे की प्रक्रिया के लिए निम्नलिखित निर्दिष्ट दस्तावेज शामिल होने चाहिए:

  • नियोक्ता द्वारा विधिवत सत्यापित ईपीएफ योजना के पैरा 26(6) के तहत संयुक्त विकल्प का प्रमाण।
  • 5,000 रुपये/6,500 रुपये की प्रचलित वेतन सीमा से अधिक वेतन पर भविष्य निधि में ट्रांसफर का प्रमाण।
  • 5,000 रुपये/6,500 रुपये की प्रचलित वेतन सीमा से अधिक वेतन पर पेंशन फंड में ट्रांसफर का प्रमाण।

आवेदन पत्र जमा करने के बाद की प्रक्रिया

ईपीएफओ सर्कुलर के अनुसार, निर्धारित समय-सीमा में प्राप्त होने वाले एप्लिकेशन फॉर्म को क्षेत्रीय पीएफ आयुक्त द्वारा इस तरीके से निपटाया जाएगा:

  • एक साइट बनाई जाएगी, जिसके लिए URL शीघ्र ही जारी किया जाएगा। क्षेत्रीय पीएफ आयुक्त व्यापक सार्वजनिक सूचना के लिए नोटिस बोर्ड पर पर्याप्त नोटिस और बैनर लगाएंगे।
  • प्रत्येक आवेदन पंजीकृत और डिजिटल रूप से लॉग इन किया जाएगा। रसीद संख्या आवेदक को प्रदान की जाएगी।
  • आवेदन नियोक्ता के लॉग इन में आ जाएगा जिसका ई-साइन के साथ वेरिफिकेशन के लिए आगे बढ़ाना होगा।
  • जहां तक संभव हो, RPFC प्रत्येक एप्लिकेशन को ई-फाइल में परिवर्तित करेगा।
  • संबंधित एसएस/एओ किसी भी गड़बड़ी को मार्क करेगा और इसे एपीएफसी/आरपीएफसी-II को भेजेगा, जो उचित जांच के बाद मामले को आगे बढ़ा देंगे।

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