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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 19, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

22 फरवरी को खुलेगा GPT Healthcare का IPO, प्राइस बैंड 177-186 रुपये प्रति शेयर हुआ तय

Published: Mon, 19 Feb 2024 03:35 PM (IST)

जीपीटी हेल्थकेयर लिमिटेड ने सोमवार को अपने आईपीओ के लिए 177-186 रुपये प्रति शेयर का मूल्य दायरा तय किया है। ...और पढ़ें

22 फरवरी को खुलेगा GPT Healthcare का IPO
22 फरवरी को खुलेगा GPT Healthcare का IPO

पीटीआई, नई दिल्ली। जीपीटी हेल्थकेयर लिमिटेड ने सोमवार को अपने आईपीओ के लिए 177-186 रुपये प्रति शेयर का मूल्य दायरा तय किया है। यह आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 22 फरवरी को खुलेगा।

GPT Healthcare आईएलएस हॉस्पिटल्स ब्रांड के तहत मिड साइज मल्टी-स्पेशियलिटी अस्पतालों का संचालन और प्रंबधन करती है।

शुरुआती शेयर-बिक्री 26 फरवरी को होगी खत्म

कंपनी ने एक बयान में कहा कि शुरुआती शेयर-बिक्री 26 फरवरी को समाप्त होगी और एंकर निवेशकों के लिए बोली 21 फरवरी को एक दिन के लिए खुलेगी।

आईपीओ कुल मिलाकर 40 करोड़ रुपये के इक्विटी शेयरों का फ्रेश इशू और निजी इक्विटी फर्म बनियानट्री ग्रोथ कैपिटल द्वारा 2.6 करोड़ इक्विटी शेयरों के ऑफर फॉर सेल का कॉम्बिनेशन है।

कोलकाता स्थित जीपीटी हेल्थकेयर में 2.6 करोड़ शेयर या 32.64 प्रतिशत हिस्सेदारी रखने वाली बनियानट्री कंपनी में अपनी पूरी हिस्सेदारी बेच रही है।

फ्रेश इशू 30 करोड़ रुपये की आय का उपयोग ऋण के भुगतान और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाएगा।

आईपीओ मूल्य दायरे के निचले स्तर पर 501.67 करोड़ रुपये और ऊपरी स्तर पर 525.14 करोड़ रुपये जुटाएगा।

कब हुई थी जीपीटी हेल्थकेयर की शुरुआत

द्वारिका प्रसाद टांटिया, डॉ. ओम टांटिया और श्री गोपाल टांटिया द्वारा स्थापित जीपीटी हेल्थकेयर की शुरुआत 2000 में कोलकाता में आठ बिस्तरों वाले अस्पताल से हुई थी।

आज यह 561 बिस्तरों की कुल क्षमता के साथ 4 फुल सर्विस मल्टी-स्पेशियलिटी अस्पतालों का संचालन करता है।

कंपनी ग्लोबल हेल्थ लिमिटेड, कृष्णा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज लिमिटेड, ज्यूपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स लिमिटेड, यथार्थ हॉस्पिटल एंड ट्रॉमा केयर सर्विसेज लिमिटेड और शैल्बी लिमिटेड सहित सूचीबद्ध उद्योग साथियों के साथ प्रतिस्पर्धा करती है।

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इश्यू में किसका कितना हिस्सा

इश्यू का आधा हिस्सा योग्य संस्थागत खरीदारों के लिए, 35 फीसदी गैर-संस्थागत निवेशकों के लिए और शेष 15 फीसदी खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित किया गया है। निवेशक न्यूनतम 80 इक्विटी शेयरों के लिए और उसके बाद 80 इक्विटी शेयरों के गुणकों में बोली लगा सकते हैं।

वित्त वर्ष 2013 में इसकी कुल आय 7.3 प्रतिशत बढ़कर 361.03 करोड़ रुपये हो गई, जो वित्त वर्ष 2012 में 337.41 करोड़ रुपये थी।

जेएम फाइनेंशियल इस इश्यू का एकमात्र बुक-रनिंग लीड मैनेजर है। इक्विटी शेयरों को बीएसई और एनएसई पर सूचीबद्ध करने का प्रस्ताव है।