यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 09, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bank क्यों करते हैं आपसे कैंसिल चेक की मांग? क्या हैं इसे देने के नफा और नुकसान
Cancelled Cheque Rules कैंसिल चेक की आवश्यकता आपको समय-समय पर पड़ती रहती है। वित्तीय संस्थाओं की ओर से इसे ग्राहकों ...और पढ़ें

नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। कोई भी फाइनेंशियल प्रोडक्ट खरीदते समय बैंक की ओर से कभी न कभी आपसे कैंसिल चेक जरूर मांगा गया होगा और आपने बड़ी आसानी से चेक को क्रॉस बैंक को दे भी दिया होगा। ऐसे में आपके मन में ये सवाल जरूर आया होगा कि बैंक आपसे कैंसिल चेक क्यों मांग करते हैं। आइए जानते हैं?
क्या होता है कैंसिल चेक?
Cancel Cheque एक चेक होता है और ये आपको बैंक से मिली पासबुक में से ही दिया जाता है। जब भी बैंक या कोई अन्य फाइनेंशियल सेवा देने वाली कंपनी आपसे कैंसिल चेक की मांग करती है तो आपको अपनी चेकबुक के सादा चेक पर क्रॉस करके कैंसिल लिखकर साइन कर बैंक या फिर फाइनेंशियल कंपनी को दे देना होता है।

क्यों कैंसिल चेक मांगते हैं बैंक
कैंसिल चेक का इस्तेमाल बैंक और फाइनेंशियल कंपनी की ओर से ग्राहक की डिटेल को वेरिफाई करने के लिए किया जाता है, क्योंकि चेक पर ग्राहक की सभी जानकारी जैसे बैंक अकाउंट नंबर, आईएफएससी कोड, पूरा नाम और साइन होता है, जिससे आसानी से आपकी डिटेल वेरिफाई हो जाती है।
क्या कैंसिल चेक पैसे की निकासी हो सकती है?
इस पर कैंसिल लिखा होता है। इस कारण आपके खाते से कैंसिल चेक की मदद से कोई भी राशि नहीं निकाली जा सकती है। हालांकि, आपको इस बात का पूरा ध्यान रखना होता है चेक पर क्रॉस का निशान अच्छे से बनाए। हमेशा कैंसिल चेक के लिए ब्लू और ब्लैक इंक वाले पैन का ही उपयोग करना चाहिए।

कहां- कहां पड़ती है कैंसिल चेक की जरूरत
- बीमा खरीदते समय।
- डीमैट अकाउंट खुलवाते समय।
- पीएफ से ऑनलाइन पैसा निकालते समय।
- कोई भी फाइनेंशियल प्रोडक्ट खरीदते हुए।
- एनपीएस में निवेश करने के दौरान।

