सारण में थाना के बगल मंदिर से राम-सीता की अष्टधातु मूर्तियां चोरी, सुरक्षा पर उठे सवाल
सारण के मशरक थाना परिसर से सटे राम जानकी शिव मंदिर से अज्ञात चोरों ने भगवान राम, सीता और लक्ष्मण की सैकड़ों वर्ष पुरानी अष्टधातु की मूर्तियां चुरा लीं ...और पढ़ें

मशरक मंदिर में चोरी की घटना के बाद उमड़ी भीड़
संवादसूत्र,मशरक (सारण)। सारण जिले के मशरक थाना परिसर से सटे ऐतिहासिक राम जानकी शिव मंदिर में अज्ञात चोरों ने दुस्साहसिक चोरी की वारदात को अंजाम देकर इलाके में सनसनी फैला दी। चोरों ने भगवान राम, माता सीता और लक्ष्मण की सैकड़ों वर्ष पुरानी अष्टधातु की मूर्तियों पर हाथ साफ कर दिया। घटना ने न सिर्फ धार्मिक आस्था को ठेस पहुंचाई है, बल्कि थाना व प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

थाना की दीवार से सटा है मंदिर
जिस मंदिर में चोरी हुई है, उसकी दीवार सीधे थाना की बाउंड्री से सटी हुई है। थाना परिसर में डीएसपी, इंस्पेक्टर व थानाध्यक्ष का आवास भी मौजूद है। इसके बावजूद चोर बेखौफ होकर वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए, जिससे लोगों में आक्रोश है।
ताला काटकर गर्भगृह में घुसे चोर
प्राप्त जानकारी के अनुसार चोरों ने मंदिर के पीछे का ताला काटकर प्रवेश किया और फिर गर्भगृह के मुख्य कमरे का ताला तोड़ दिया।
इसके बाद राम, सीता और लक्ष्मण की अष्टधातु की मूर्तियों को चुरा लिया। इन मूर्तियों की कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है।

सीसीटीवी कैमरा व हार्ड डिस्क भी ले गए
चोरी के दौरान चोरों ने मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरे को उखाड़ लिया और उसकी हार्ड डिस्क समेत मशीन भी अपने साथ ले गए, ताकि उनकी पहचान न हो सके। इससे जांच में पुलिस को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
पुजारी ने सुबह देखा टूटा ताला
मंदिर के पुजारी टुन्ना बाबा ने बताया कि सुबह पूजा के लिए पहुंचने पर मंदिर परिसर में सामान बिखरा पड़ा था और गर्भगृह का ताला टूटा मिला। अंदर जाकर देखने पर मूर्तियां गायब थीं। इसके बाद उन्होंने स्थानीय लोगों व पुलिस को सूचना दी।
कटर व वस्त्र मिले पास में
घटना के बाद चोरों द्वारा इस्तेमाल किया गया ताला काटने वाला कटर दलित टोला इलाके में फेंका हुआ मिला। वहीं भगवान को पहनाए गए वस्त्र भी पास में लावारिस हालत में पाए गए, जिससे आशंका है कि चोर जल्दबाजी में भागे।
पुलिस व डॉग स्क्वायड जांच में जुटी
सूचना मिलते ही डीएसपी संजय कुमार सुधांशु पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। डॉग स्क्वायड टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। बाद में ग्रामीण एसपी संजय कुमार ने मंदिर पहुंचकर जांच-पड़ताल की और पुलिस को आवश्यक निर्देश दिए।
लोगों ने सुरक्षा पर उठाया सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि चौबीसों घंटे पुलिस मौजूदगी, गश्ती के लिए चार वाहन और वरिष्ठ अधिकारियों के आवास होने के बावजूद चोरी हो जाना गंभीर लापरवाही दर्शाता है। लोगों ने सवाल उठाया कि रात की गश्ती के दावे आखिर कहां थे।
फिलहाल थाना पुलिस अज्ञात चोरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच में जुटी है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही चोरों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।


कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।