नए साल में शिक्षा को नई रफ्तार, 20 मॉडल स्कूलों से सुधरेगी पढ़ाई की गुणवत्ता
Bihar Education Update: समस्तीपुर में नए साल में शिक्षा क्षेत्र में बड़े बदलाव की उम्मीद है। पीएम श्री योजना के तहत 27 विद्यालयों का आधुनिकीकरण होगा, ...और पढ़ें

पीएम श्री योजना से शिक्षा में सुधार, 213 भूमिहीन विद्यालयों को मिलेगी अपनी जमीन। फाइल फोटो
जागरण संवाददाता, समस्तीपुर। Model School Bihar: शिक्षित और सशक्त समाज की नींव मजबूत शिक्षा व्यवस्था पर टिकी होती है। इसी सोच के साथ नए साल 2026 में समस्तीपुर जिले में शिक्षा को नई गति देने की तैयारी तेज हो गई है।
स्कूल से लेकर उच्च शिक्षा तक बुनियादी ढांचे के विस्तार, आधुनिक संसाधनों, डिजिटल पढ़ाई और समावेशी शिक्षा को लेकर ठोस पहल की जा रही है। केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के साथ जिला प्रशासन के प्रयासों से जिले में शिक्षा का स्वरूप बदलने की उम्मीद है। नए साल की शुरुआत के साथ ही समस्तीपुर जिले में कई बड़े और दूरगामी शैक्षणिक बदलाव नजर आने लगेंगे।
20 मॉडल स्कूलों से बदलेगी शिक्षा की तस्वीर
शिक्षा की गुणवत्ता को समान और बेहतर बनाने के उद्देश्य से जिले में 20 मॉडल स्कूल विकसित किए जाएंगे। प्रत्येक प्रखंड, अनुमंडल और जिला स्तर पर एक-एक विद्यालय को मॉडल स्कूल के रूप में विकसित किया जाएगा।
इन स्कूलों में स्मार्ट क्लास, आधुनिक प्रयोगशालाएं, समृद्ध पुस्तकालय और खेल की बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे छात्रों को आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
पीएम श्री योजना से बदलेगा शैक्षणिक परिदृश्य
प्रधानमंत्री श्री (PM SHRI) योजना के तहत जिले के 27 विद्यालयों को अत्याधुनिक संसाधनों से सुसज्जित किया जाएगा। स्मार्ट बोर्ड, डिजिटल लर्निंग, विज्ञान प्रयोगशालाएं और खेल अधोसंरचना को सुदृढ़ किया जाएगा।
इसके अलावा जिले के 12 उच्च माध्यमिक विद्यालयों को सौर ऊर्जा से रोशन किया जाएगा। विद्यालय भवन निर्माण पर 1.90 करोड़ रुपये की राशि खर्च की जाएगी।
उच्च शिक्षा को भी मिलेगा बढ़ावा
उच्च शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़ी पहल होने जा रही है। नरघोघी स्थित मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू होने की संभावना है। वहीं, समस्तीपुर कॉलेज में बीबीए और बीसीए जैसे प्रोफेशनल कोर्स की पढ़ाई शुरू की जाएगी, जिससे छात्रों को जिले में ही बेहतर अवसर मिल सकेंगे।
213 भूमिहीन विद्यालयों को मिलेगी अपनी जमीन
जिले की बड़ी शैक्षणिक समस्या रहे 213 भूमिहीन विद्यालयों को भी नए साल में राहत मिलने की उम्मीद है। कई जगहों पर एक ही भवन में दो-तीन स्कूल संचालित हो रहे हैं।
इस स्थिति को सुधारने के लिए जिलाधिकारी ने सभी अंचलाधिकारियों को भूमि चयन का निर्देश दिया है। नए साल में इन विद्यालयों को अपनी जमीन मिलने की उम्मीद है।
वंचित बच्चों के लिए बनेगा आवासीय छात्रावास
अनाथ, घुमंतू और वंचित बच्चों की शिक्षा को मजबूती देने के लिए नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय बालक छात्रावास का निर्माण किया जाएगा। करीब 6 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस छात्रावास से समाज के कमजोर वर्ग के बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाएगा।
इन तमाम पहलों के साथ वर्ष 2026 समस्तीपुर के लिए केवल नई योजनाओं का साल नहीं, बल्कि एक सुशिक्षित और सशक्त समाज की नींव रखने वाला वर्ष साबित हो सकता है।

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