बिहार में फर्जी TTE गिरफ्तार, बागमती एक्सप्रेस में टिकट जांच के नाम पर कर रहा था वसूली
बागमती एक्सप्रेस में यात्रियों से अवैध वसूली करते हुए एक फर्जी टीटीई को समस्तीपुर-बरौनी रेल खंड पर पकड़ा गया। आरोपी हर्षवर्धन भारद्वाज उर्फ चुलबुल, बे ...और पढ़ें

आरोपी कोई वैध पहचान पत्र या नियुक्ति से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। फाइल फोटो
जागरण संवाददाता, समस्तीपुर। fake TTE arrested Bihar: बागमती एक्सप्रेस में यात्रियों से टिकट जांच के नाम पर अवैध वसूली कर रहे एक फर्जी टीटीई को यात्रियों की सतर्कता और रेलवे की संयुक्त कार्रवाई से पकड़ लिया गया।
समस्तीपुर–बरौनी रेलखंड की घटना
यह घटना समस्तीपुर–बरौनी रेलखंड पर उस समय सामने आई, जब आरोपी खुद को अधिकृत टिकट निरीक्षक बताकर ट्रेन में घूम रहा था।पकड़े गए फर्जी टीटीई की पहचान बेगूसराय जिले के तेघड़ा थाना क्षेत्र निवासी हर्षवर्धन भारद्वाज उर्फ चुलबुल के रूप में की गई है।
जानकारी के अनुसार, आरोपी बागमती एक्सप्रेस में सामान्य यात्री के रूप में सवार था, लेकिन टीटीई की तरह व्यवहार करते हुए यात्रियों से टिकट जांच के बहाने रुपये की मांग कर रहा था। उसने अब तक 8 से 10 यात्रियों से अवैध रूप से पैसे वसूल लिए थे।
टिकट निरीक्षक टीम ने पकड़ा
मामले का खुलासा उस वक्त हुआ जब समस्तीपुर रेल मंडल की अधिकृत टिकट निरीक्षण टीम पीछे से ट्रेन में पहुंची। टीम को देखते ही आरोपी घबरा गया और संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। यात्रियों ने भी तत्काल आरोपी की गतिविधियों की जानकारी रेलवे कर्मियों को दी।
पूछताछ के दौरान आरोपी कोई वैध पहचान पत्र या नियुक्ति से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद रेलवे पुलिस और वाणिज्य विभाग की टीम ने आरोपी को हिरासत में ले लिया।
नकद राशि भी बरामद
प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ कि आरोपी पूरी तरह फर्जी तरीके से टीटीई बनकर यात्रियों से अवैध वसूली कर रहा था। उसके पास से नकद राशि भी बरामद की गई है, जिसकी जांच की जा रही है।
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कहीं वह पहले भी इस तरह की घटनाओं में शामिल तो नहीं रहा है।
सावधान रहने की अपील
रेल प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि टिकट जांच के दौरान केवल अधिकृत टीटीई से ही सहयोग करें। यदि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति द्वारा टिकट जांच या रुपये की मांग की जाए, तो तुरंत रेलवे कर्मियों या आरपीएफ को इसकी सूचना दें, ताकि ऐसे फर्जीवाड़े पर समय रहते कार्रवाई की जा सके।

कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।