यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 02, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Pappu Yadav ने संसद में किया अपनी बेटी का जिक्र, रेल मंत्री Ashwini Vaishnaw से की सबसे अनोखी मांग
पप्पू यादव ने संसद में रेल मंत्री के सामने कई अहम मांगें रखीं। उन्होंने मधेपुरा-सहरसा और बनमनखी के बीच डीआरएम ...और पढ़ें

HighLights
- पप्पू यादव ने की मधेपुरा-सहरसा और बनमनखी के बीच DRM ऑफिस खोलने की मांग
- पप्पू यादव बोले- रेलवे में ग्रुप सी-डी में तुरंत भर्ती शुरू की जानी चाहिए
- पप्पू यादव ने जनरल श्रेणी के डब्बों को बढ़ाने की भी मांग रखी
जागरण संवाददाता, पूर्णिया। सांसद पप्पू यादव ने केन्द्रीय बजट 2024-25 के संदर्भ में रेल मंत्रालय के समक्ष कई महत्वपूर्ण मांगें रखीं। सदन के माध्यम से रेल मंत्री अश्विन वैष्णव के समक्ष रेल सुरक्षा, कर्मचारियों की नियुक्ति, ट्रेन सेवाओं की बहाली और कई नई रेल परियोजनाओं के प्रस्ताव पेश किए।
पप्पू यादव ने रेल मंत्री का ध्यानाकर्षण करते हुए कहा कि वर्तमान में 12 लाख कर्मचारी कार्यरत हैं, लेकिन पिछले 10 सालों से 5 हजार कर्मियों की नियुक्ति प्रक्रिया धीमी गति से चल रही है। ग्रुप ए, बी और सी में हजारों पद खाली हैं, जिससे रेलवे संचालन और सुरक्षा प्रभावित हो रही है। उन्होंने ग्रुप सी और डी के पदों पर त्वरित नियुक्ति का आग्रह किया।
डीआरएम ऑफिस खोलने की मांग
इसके अलावा, पप्पू यादव ने मधेपुरा, सहरसा और बनमनखी के बीच डीआरएम जोनल ऑफिस खोलने और पूर्णिया में कोच फैक्ट्री स्थापित करने की भी मांग की। सांसद ने कोरोना काल में बंद हुई महत्वपूर्ण ट्रेन सेवाओं, जैसे हमसफर एक्सप्रेस को पुनः शुरू करने की मांग की। सहरसा और सीमांचल के बच्चों के लिए अलीगढ़ जैसी जगहों पर पढ़ाई के लिए यह ट्रेन महत्वपूर्ण है।
टिकट पर रियायत देने की मांग
उन्होंने बुजुर्गों और पत्रकारों को रेलवे भाड़े में मिलने वाली 50 प्रतिशत रियायत को पुनः शुरू करने की अपील की, जिसे 4 साल पहले बंद कर दिया गया था।
पप्पू यादव ने किया अपनी बेटी का जिक्र
नेशनल स्तर पर स्पोर्ट्स खेलने वाली अपनी बेटी का जिक्र करते हुए जनरल डिब्बों में होने वाली परेशानी को भी दूर करने का आग्रह किया। उन्होंने महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा, बाथरूम की साफ-सफाई और किचन की व्यवस्था पर जोर देते हुए लोकल ट्रेनों में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की आवश्यकता बताई। सांसद ने पूर्णिया, कोसी, सीमांचल और मिथिलांचल से बाहर जाने वाले मजदूरों के लिए जनरल डिब्बों की संख्या बढ़ाने की मांग की, ताकि वे बेहतर यात्रा कर सकें।
कई नई रेल परियोजना की रखी डिमांड
उन्होंने परीक्षा देने वाले बच्चों को 75 प्रतिशत रियायत दर पर टिकट देने का आग्रह किया, ताकि वे अपनी शिक्षा में बिना आर्थिक बाधाओं के आगे बढ़ सकें। कई नई रेल लाइनों और परियोजनाओं का प्रस्ताव रखा गया, जिसमें कुरसेला से सहरसा, सहरसा से वैशाली तक रेल सेवा, नवगछिया से नेपाल बॉर्डर तक रेलमार्ग, सुल्तानगंज से देवघर तक रेलमार्ग और मनिहारी से कटिहार-पूर्णिया के बीच पुल की मांग शामिल है।
इन सभी बिंदुओं पर सांसद पप्पू यादव ने रेल मंत्रालय का ध्यान आकृष्ट कराते हुए अनुरोध किया कि इन मांगों को प्राथमिकता दी जाए, ताकि क्षेत्र की रेल सेवाओं में सुधार हो सके और आम जनता को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
