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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 22, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

KK Pathak: स्कूलों में चल रहा एडवांस हाजिरी का 'खेल', जांच में सामने आया मामला

By Jagran NewsEdited By: Rajat Mourya
Published: Wed, 22 May 2024 03:34 PM (IST)

जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना ने विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के क्रम में प्रभारी प्रधानाध्यापक पर एक शिक्षिका ने ...और पढ़ें

स्कूलों में चल रहा एडवांस हाजिरी का 'खेल', जांच में सामने आया मामला
स्कूलों में चल रहा एडवांस हाजिरी का 'खेल', जांच में सामने आया मामला

HighLights

  1. विद्यालयों में चल रहा एडवांस हाजिरी का खेल, जांच में सामने आया मामला
  2. सीसी कैमरे के फुटेज से उजागर हुआ सच
  3. बिना स्थानांतरण आदेश लिपिक को कर दिया विरमित

जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। विद्यालयों में एडवांस हाजिरी का खेल चल रहा है। कहीं अवकाश के बाद तो कहीं एडवांस हाजिरी बनाकर शिक्षक स्कूल से गायब रहते हैं। ताजा मामला मुशहरी प्रखंड के उच्च विद्यालय द्वारिकानगर का है। प्रधानाध्यापक की मिलीभगत से विद्यालय में इस तरह की गड़बड़ी हो रही है।

डीपीओ स्थापना नासिर हुसैन ने यह गड़बड़ी पकड़ी है। प्रभारी प्रधानाध्यापक से स्पष्टीकरण मांगा गया है। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना ने विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के क्रम में प्रभारी प्रधानाध्यापक पर एक शिक्षिका ने आरोप लगाया कि एक शिक्षक एक दिन पूर्व अपराह्न में दूसरे दिन की उपस्थिति बना लेते हैं। संबंधित शिक्षक विद्यालय भी नहीं आते हैं।

आरोपों की गंभीरता को देख डीपीओ ने अपने स्तर से मामले की जांच की। विद्यालय में लगे सीसी कैमरे का फुटेज खंगाला गया। फुटेज में आरोप को सत्य पाया गया है। एक अन्य शिक्षक ने जांच पदाधिकारी को बताया कि सेवापुस्तिका पर अनावश्यक बातें अंकित कर दी गई हैं। प्रभारी प्रधानाध्यापक विद्यालय में मनमानी कर रहे हैं।

सादे कागज पर शिक्षकों की हाजिरी

विद्यालय में सादे कागज पर शिक्षकों की हाजिरी बन रही थी। इस तरह की हाजिरी पर सवाल खड़े हो रहे हैं। एक जनवरी 2024 से हीशिक्षक उपस्थिति पंजी पर हाजिरी नहीं बन रही है। यह सिलसिला पांच महीने से चलता रहा। डीपीओ स्थापना ने आपत्ति जताई है कि किसके आदेश से सादे कागज पर शिक्षकों की उपस्थिति बनी है। दूसरी ओर विद्यालय में 812 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं, जिनमें 254 उपस्थित पाए गए। विद्यालय में 32 शिक्षक पदस्थापित हैं।

विभागीय आदेश के बिना लिपिक को कर दिया विरमित

विद्यालय के लिपिक पंकजेश कुमार को बिना किसी आदेश के विरमित कर दिया। डीपीओ स्थापना नासिर हुसैन ने प्रभारी प्रधानाध्यापक राजेंद्र कुमार से पूछा तो उनका जवाब असंतोषजनक पाया गया। कहा कि सेवा पुस्तिका मांगे जाने पर नहीं दी गई। इसके बाद स्कूल से विरमित कर दिया गया।

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