वोटरों के नाम काटने और 10 हजार रुपये की वजह से हुई हार; अब अगिआंव के माले प्रत्याशी पहुंचे HC
भोजपुर के अगिआंव (अजा) विधानसभा चुनाव में धांधली का आरोप लगाते हुए भाकपा माले प्रत्याशी शिवप्रकाश रंजन ने पटना उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है। उन् ...और पढ़ें

पटना हाईकोर्ट में चुनाव में धांधली की शिकायत। जागरण आर्काइव
जागरण संवाददाता, आरा। Bihar Chunav 2025: भोजपुर जिले के अगिआंव (अजा) विधानसभा चुनाव में धांधली का आरोप लगाया गया है। अनियमितताओं और धांधली के खिलाफ भाकपा माले (CPI-ML) प्रत्याशी शिवप्रकाश रंजन ने पटना उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है।
सोमवार को अधिवक्ता अमित कुमार के माध्यम से याचिका दायर की गई, जिसे न्यायालय ने स्वीकार कर लिया है। शिवप्रकाश रंजन ने बताया कि चुनाव के दौरान व्यापक गड़बड़ियां की गईं।
इसके कारण शिवप्रकाश रंजन को महज 95 मतों के मामूली अंतर से हार का सामना करना पड़ा। निर्वाचन नामावली के पुनरीक्षण के दौरान बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम जानबूझकर हटा दिए गए।
साथ ही, सत्तारूढ़ गठबंधन द्वारा मतदान से ठीक पहले प्रत्यक्ष नकद अंतरण योजनाओं के जरिए मतदाताओं को प्रभावित किया गया, जो आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है।
यह भी कहा गया है कि 175 डाक मतपत्रों को बिना किसी ठोस कारण के अमान्य घोषित कर दिया गया। उन्होंने पूरी चुनाव प्रक्रिया की वैधता को संदेह के घेरे में बताया।
कहा कि स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव की लोकतांत्रिक मर्यादा को ठेस पहुंचाई गई है। अब न्याय के लिए उच्च न्यायालय से गुहार लगाई गई है।
महागठबंधन व एनडीए प्रत्याशी भी जा चुके हैं कोर्ट
गौरतलब है कि महागठबंधन के कई प्रत्याशी चुनाव में धांधली का आरोप लगा हाईकोर्ट में याचिका दायर कर चुके हैं। बीते 27 दिसंबर को कांग्रेस ने कोर्ट मे याचिका दायर कर चुनाव रद करने की मांग की थी।
कांग्रेस नेता पूर्व विधायक ऋषि मिश्रा, प्रवीण कुशवाहा, अमित टुन्ना ने चुनाव परिणाम के खिलाफ कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।
वहीं एनडीए की ओर से भाजपा प्रत्याशी रहे पवन कुमार जायसवाल ने भी याचिका दायर कर रखी है। वे ढाका सीट से 178 वोटों के अंतर से चुनाव हार गए थे।
उन्होंने राजद पर फर्जी मतदान का आरोप लगाया था। उन्होंने 1444 फर्जी मतदाताओं के नाम पर वोट डालने का आरोप लगाया।

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