यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 26, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
रूस पर नए प्रतिबंध लगाने में हो रही देरी, निशाने पर व्हाइट हाउस
सीनेट आर्म्ड सर्विसेज कमिटी की अध्यक्षता करने वाले सीनेटर जॉन मैक्केन ने कहा, 'मैं अगले 24 घंटों में इसका पता लगाऊंगा।'

वाशिंगटन, आइएएनएस। अमेरिका में रिपब्लिकन पार्टी के सीनेटर इस बात का पता लगाने जा रहे हैं कि कहीं व्हाइट हाउस जानबूझकर रूस पर नए प्रतिबंध लगाने पर देरी तो नहीं कर रहा है। दरअसल, व्हाइट हाउस इसलिए निशाने पर है, क्योंकि रूस पर ताजा प्रतिबंध लगाने की प्रक्रिया शुरू करने की समय सीमा को खत्म हुए साढ़े तीन हफ्ते हो गए हैं।
बुधवार को सीएनएन से बातचीत में सीनेट फॉरेन रिलेशंस कमिटी के चेयरमैन, रिपब्लिकन सीनेटर बॉब क्रोकर ने कहा, 'हम इस बात का पता लगाने जा रहे हैं।' वहीं सीनेट आर्म्ड सर्विसेज कमिटी की अध्यक्षता करने वाले सीनेटर जॉन मैक्केन ने कहा, 'मैं अगले 24 घंटों में इसका पता लगाऊंगा।'
मैक्केन के अनुसार, प्रशासन 'एकपक्षीय' व्यवहार कर रहा है। उन्होंने कहा कि हमें अपनी भूमिका जताने के लिए जो जरूरत है, हमें करना पड़ेगा। गौरतलब है कि क्रोकर और मैक्केन कांग्रेस में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के तीखे रिपब्लिकन आलोचकों में शामिल हैं।
उधर, व्हाइट हाउस ने रूस पर नए प्रतिबंध लगाने में हो रही देरी के लिए विदेश मंत्रालय को जिम्मेदार ठहराया है। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि रूसी रक्षा एवं खुफिया सेवाओं से जुड़े लोगों की पहचान को लेकर रिव्यू प्रक्रिया अब भी जारी है। इस संबंध में मंगलवार को विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हीदर नॉर्टे ने कहा कि जो लोग यह प्रक्रिया पूरी करने में जुटे हुए हैं, उनका कहना है कि यह बेहद जटिल काम है और इसमें कुछ समय लग सकता है।
आपको बता दें कि रूस पर कार्रवाई करने में देरी ऐसे समय में हो रही है, जब राष्ट्रपति ट्रंप अपने समकक्ष व्लादिमीर पुतिन के साथ वियतनाम में एशिया-पैसिफिक इकोनॉमिक कॉपरेशन बैठक से इतर दूसरी बार आमने-सामने मुलाकात की तैयारी में हैं।
