यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 26, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
एड्स रिसर्च के लिए भारतीय मूल की दंपति टॉप यूएस अवॉर्ड से सम्मानित
यह अवॉर्ड एचआईवी की खोज करने वाले रॉबर्ट गैलो द्वारा दिया गया, जिसकी वजह से एड्स हो जाता है। उन्होंने दंपति के उल्लेखनीय योगदान की सराहना की।

जोहान्सबर्ग, पीटीआई। वैश्विक स्तर पर पहचान बनाने वाले भारतीय मूल के एक दक्षिण अफ्रीकाई शोधकर्ता दंपति को एड्स के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए एक प्रतिष्ठित अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। प्रोफेसर सलीम अब्दुल करीम और कुरैशा अब्दुल करीम को अमेरिका के बाल्टीमोर में इंस्टीट्यूट फॉर ह्यूमन वायरोलॉजी (आईएचवी) द्वारा अवॉर्ड से नवाजा गया।
यह अवॉर्ड एचआईवी की खोज करने वाले रॉबर्ट गैलो द्वारा दिया गया, जिसकी वजह से एड्स हो जाता है। आईएचवी की 19वीं अंतरराष्ट्रीय बैठक में दंपति को सम्मानित किया गया। उनके बारे में गैलो ने एक बयान में कहा, 'मेरे लिए इन दोनों जाने माने व्यक्तियों ने एचआईवी/एड्स के इतिहास में संक्रमित लोगों की देखभाल और इससे बचाव के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है।'
गैलो के अनुसार, उन्हें किसी ऐसे व्यक्ति के बारे में नहीं पता है, जिसने एचआईवी संक्रमित लोगों की उचित तरीके से देखभाल के लिए या लोगों के बीच एचआईवी संक्रमण से बचाव के लिए इतना कुछ किया हो। प्रोफेसर सलीम सेंटर फॉर द एड्स प्रोग्राम ऑफ रिसर्च इन साउथ अफ्रीका (सीएपीआरआईएसए) के डायरेक्टर हैं और प्रोफेसर कुरैशा इसकी एसोसिएट साइंटिफिक डायरेक्टर हैं।
