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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 23, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

चाबहार पर ऐतिहासिक समझौता, 500 मिलियन डॉलर निवेश करेगा भारत

By anand rajEdited By:
Published: Mon, 23 May 2016 10:43 AM (IST)Updated: Mon, 23 May 2016 02:58 PM (IST)

भारत और ईरान के बीच चाबहार पोर्ट को विकसित करने पर समझौता हो गया है। दोनों देशों ने संयुक्त वक्तव्य ...और पढ़ें

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तेहरान(पीटीआई)। भारत और ईरान के बीच सदियों पुराने रिश्ते को एक नई दिशा मिली। पीएम मोदी ने कहा कि भौगौलिक तौर हम भले ही एक दूसरे से दूर क्यों न हों सांस्कृतिक समानता दोनों देशों को एक डोर में बांधे हुई है। आपसी संबंधों को नियमित मुलाकातों से हम और मजबूत बना सकते हैं। ईरानी राष्ट्रपति रोहानी और पीएम मोदी के संयुक्त वक्तव्य का सबसे खास अंश चाबहार पोर्ट था जिसकी बुनियाद 3 साल पहले वर्ष 2013 में पड़ चुकी थी। दोनों देशों के बीच चाबहार, हिंदी-फारसी और पर्यटन समेत कुल 12 समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए।

चाबहार पर हुआ समझौता

चाबहार बंदरगाह पर भारत और ईरान के बीच ऐतिहासिक समझौता हो गया है। संयुक्त वक्तव्य में पीएम ने कहा कि भारत चाबहार में इंफ्रास्ट्रक्चर और दूसरी सुविधाओं के लिए 500 मिलियन डॉलर का निवेश करेगा। चाबहार समझौता दोनों देशों के लिए अविस्मरणीय है। उन्होंने कहा कि चाबहार समझौते के जरिए दोनों देश रणनीतिक संबंधों में नई कहानी लिखेंगे। इस समझौते के जरिए भारत, ईरान और अफगानिस्तान एक दूसरे के और करीब आएंगे। उन्होंने कहा कि तीनों देशों के बीच ट्रांसपोर्ट और ट्राजिंट के लिए ट्राइलैटरल समझौते पर हस्ताक्षर होंगे।

एक चुनौती, एक इलाज

पीएम ने कहा कि भारत को गर्व है कि वो ईरान के साथ मुश्किल हालातों में भी खड़ा रहा। वो इस बात को भी कभी नहीं भूल सकते कि 2001 में गुजरात में भूकंप के बाद ईरान ने किस तरह से मदद की थी। उन्होंने कहा कि आतंकवाद,चरमपंथ और साइबर क्राइम मौजूदा समय में सबसे बड़ी चुनौती है। दोनों देशों ने इन चुनौतियों का सामना करने के लिए नियमित तौर पर बैठक करने पर सहमति दी। इसके अलावा आतंकवाद का सामना करने के लिए सूचनाओं को साझा करने पर जोर दिया गया।

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हमारी दोस्ती इतिहास जितनी पुरानी

पीएम मोदी ने संयुक्त वक्तव्य की शुरुआत करते हुए कहा कि वो भारत की एक अरब 25 करोड़ जनता की तरफ से ईरानी लोगों का स्वागत करते हैं। उन्होंने कहा कि रिश्तों में उतार और चढ़ाव के बाद भी हम एक तरह की विरासत को साझा करते हैं। पीएम ने कहा कि दोनों देश नए दोस्त नहीं हैं। हमारी दोस्ती उतनी ही पुरानी है जितना इतिहास पुराना है।

तस्वीरें: राष्ट्रपति हसन रोहानी से मिले पीएम मोदी

रोहानी ने क्या कहा ?

इस मौके पर ईरान के राष्ट्रपति रोहानी ने कहा कि दोनों देश आर्थिक संबंधों को आगे बढ़ा कर दुनिया के सामने नई तस्वीर पेश कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि आज दुनिया के सामने आतंकवाद सबसे बड़ी चुनौती है। आतंकवाद के मुद्दे पर वो भारत की चिंता से वाकिफ है। ईरान आतंकवाद के मामले में भारत की मदद करता रहेगा। रोहानी ने कहा कि दोनों देश विश्वविद्यालयों और शोध के जरिए एक दूसरे के करीब आ सकते हैं। हिंदी और फारसी को बढ़ावा देने के लिए दोनों देश अपने यहां पाठ्यक्रमों की शुरुआत कर सकते हैं।

दो दिन की ईरान यात्रा पर मोदी

पीएम मोदी ईरान की अपनी दो दिवसीय यात्रा पर हैं। आज सुबह ईरान की राजधानी तेहरान में उनका औपचारिक रूप से स्वागत किया गया। वहां उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस दौरान भारत का राष्ट्रगान जन-गण-मन भी गूंजता रहा।

तेहरान में पीएम मोदी के स्वागत के दौरान ईरान के राष्ट्रपति हसन रोहानी भी मौजूद थे।

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पीएम मोदी और राष्ट्रपति रोहानी की बीच आज ही उच्च स्तरीय बैठक हुई। दौरान मोदी ईरान के सबसे बड़े धर्मगुरू खमैनी से भी मिलेंगे। बता दें कि पीएम मोदी रविवार रात ही दो दिन केे दौरे पर ईरान पहुंचे हैं।

बीते 15 साल में ईरान की यात्रा पर आने वाले मोदी पहले भारतीय प्रधानमंत्री हैं।

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