यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 05, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
बांग्लादेश में ईशनिंदा की अफवाह के बाद हिंदुओं के घरों, मंदिर पर हमला
ढाका। बांग्लादेश के कोमिला जिले में रविवार को करीब तीन हजार लोगों की भीड़ ने हिंदुओं के घरों और एक ...और पढ़ें

ढाका। बांग्लादेश के कोमिला जिले में रविवार को करीब तीन हजार लोगों की भीड़ ने हिंदुओं के घरों और एक मंदिर को निशाना बनाया। मीडिया रिपोर्ट में सोमवार को यह जानकारी दी गई।
बीडीन्यूज24 डॉट काम की रिपोर्ट के मुताबिक यह हमला लाउडस्पीकर से दो युवकों द्वारा ईशनिंदा की अफवाह फैलाने के बाद किया गया। स्थानीय लोगों और पुलिस का कहना है कि होमना उपाजिला के आठ मदरसों के शिक्षकों और छात्रों ने बागसीतारामपुर गांव में हिंदुओं पर हमले का नेतृत्व किया। हमले से 28 परिवार प्रभावित हुए हैं। करीब तीन हजार लोगों की भीड़ ने इस हमले को अंजाम दिया। यहीं नहीं भीड़ ने हिंदुओं के साथ लूटपाट भी की, इनमें ज्यादातर गरीब किसान और मछुआरे थे। गांववासियों का कहना है कि बागसीतारामपुर के निकट रामपुर गांव में जामिया अराबिया इस्लामी इमदादुल उलूम मदरसे में लाउडस्पीकर से हिंदुओं पर हमले का आह्वान किया गया था। हमले से पहले पिछले कुछ दिनों के दौरान मदरसों में पुस्तिकाएं बांटी गई थी। इसमें दावा किया गया था कि दो हिंदू युवकों ने गत 27 अप्रैल को फेसबुक पोस्ट में पैगंबर मुहम्मद की निंदा की थी। हमले के सिलसिले में पुलिस ने मुरादनाग में बागमरा मदरसे के प्राचार्य को गिरफ्तार किया है। हालांकि मुख्य आरोपी और पुस्तिकाओं को बांटने में अग्रणी रहा नजरूल इस्लाम अभी भी फरार है।
