विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 22, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सरदार पटेल ने किया था ओवैसी की पार्टी के नापाक मंसूबों को नाकाम

By Manoj YadavEdited By:
Published: Tue, 22 Mar 2016 08:49 AM (GMT+05:30)Updated: Tue, 22 Mar 2016 09:12 AM (GMT+05:30)

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन यानी एआईएमआईएम के मुखिया और सांसद असदुद्दीन ओवैसी चर्चा में हैं।

News Article Hero Image

नई दिल्ली। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन यानी एआईएमआईएम के मुखिया और सांसद असदुद्दीन ओवैसी चर्चा में हैं। आए-दिन विवादित बयानबाजी करने वाले असदुद्दीन ने बीते दिनों कहा है कि कोई उनके गले पर छुरी भी रख दे तो भी वे भारत माता की जय नही कहेंगे। हालांकि देशभर के मुस्लिम समेत तमाम पक्ष उनके इस बयान का विरोध कर रहे हैं, लेकिन ओवैसी ने ऐसा क्यों कहा? एक नजर उनके और उनकी पार्टी के बीते कल पर -

मजलिस का इतिहास

मजलिस लगभग 80 वर्ष पुराना संगठन है। इसके इतिहास के दो भागों में बांटा जा सकता है। 1928 में नवाब महमूद नवाज खान ने स्थापना की थी। तब से लेकर 1948 तक यह संगठन हैदराबाद को भारत से एक अलग मुस्लिम राज्य बनाए रखने की वकालत करता था। हालांकि ऐसा हो न पाया। हैदराबाद के भारत में विलय के बाद 1948 में भारत सरकार ने इस संगठन पर प्रतिबंध लगा दिया था।

ओवैसी की जुबान काटकर लाने वाले को 1 लाख का इनाम: देत्रोजा

ओवैसी परिवार का कब्जा

1957 में संगठन का दूसरा दौर शुरू हुआ। इसे एक राजनीतिक दल के रूप में बहाल किया गया। नाम के आगे "ऑल इंडिया" जोड़ा, अपना संविधान दला। हैदराबाद में भारत के विलय के समय मजलिस के अध्यक्ष रहे कासिम राजवी अब पाकिस्तान जा चुके थे और पार्टी की बागडोर अब्दुल वहाद ओवैसी को सैंप गए थे।

तब से पार्टी पर ओवैसी परिवार का 'कब्जा' है। अब्दुल वाहेद के बाद सलाहुद्दीन ओवैसी अध्यक्ष बने और अब उनके बेटे असदुद्दीन ओवैसी अध्यक्ष और सांसद हैं। छोटे ओवैसी यानी अकबरुद्दीन ओवैसी विधान सभा में पार्टी के नेता हैं। इनकी बयानबाजी भी जगजाहिर है।

सरदार पटेल के आगे यूं झुके थे हैदराबाद निजाम

1947 में भारत आजाद हुआ तो हैदराबाद के भारत में विलय का मजलिस के कर्ताधर्ताओं ने जमकर विरोध किया। नवंबर 1947 में भारत के पहले गृहमंत्री सरदार पटेल और मजलिस के कासिम रजवी की दिल्ली में मुलाकात हुई थी। तब हैदराबाद निजाम और उनकी सरकार पूरी तरह से रजवी की गिरफ्त में थी। 10 सिंतबर 1948 को सरदार पटेल ने हैदराबाद के नवाब को खत लिखा जिसमें उन्होंने हैदराबाद को हिंदुस्तान में शामिल होने का आखिरी मौका दिया था, लेकिन हैदराबाद के निजाम ने जब सरदार पटेल की अपील ठुकरा दी तो इसके जवाब में भारतीय सेना ने 13 सितंबर 1948 को हैदराबाद पर चारों तरफ से धावा बोल दिया और आखिरकार निजाम हैदराबाद को झुकना पड़ा।

ओवैसी का प्रोफाइल

असदुद्दीन का जन्म 13 मई 1969 को हैदराबाद में हुआ था। पहले हैदराबाद पब्लिक स्कूल, फिर सेंट मैरी जूनियर कॉलेज में पढ़े। निजाम कॉलेज से बीए किया और लंदन के लिंकन कॉलेज से बैरिस्टर की डिग्री हासिल की। 1996 में शादी हुई। पांच बेटियां और एक बेटा है।

दरियागंज पुलिस थाने में असदुद्दीन ओवैसी के खिलाफ शिकायत दर्ज

[साभार- नई दुनिया]