ब्रिटेन के पीएम का अभी हुआ चुनाव तो किसकी होगी जीत, सर्वे में यह आया सामने
कंजर्वेटिव पार्टी के 83 प्रतिशत सदस्य मानते हैं कि प्रधानमंत्री के रूप में ट्रस का काम बहुत ही खराब है। इनमें 72 प्रतिशत वो सदस्य हैं जिन्होंने पीएम पद के लिए उनका समर्थन किया था। टोरी सदस्य ट्रस को बदलने की विकल्पों पर विचार कर रहे हैं।
लंदन, प्रेट्र। क्या लिज ट्रस के माफी मांगने के बाद ब्रिटेन में राजनीतिक संकट खत्म हो गया है। लगता है कि ऐसा नहीं है। ब्रिटेन में प्रधानमंत्री पद के लिए अगर इस समय कंजर्वेटिव पार्टी में चुनाव होता है तो भारतीय मूल के पूर्व वित्त मंत्री ऋषि सुनक मौजूदा प्रधानमंत्री लिज ट्रस को हरा देंगे। कंजर्वेटिव पार्टी के सदस्यों के बीच मंगलवार को कराए गए नए सर्वेक्षण में यह जानकारी सामने आई है। एक महीने पहले हुए चुनाव में ट्रस ने सुनक को मात दी थी। कंजर्वेटिव पार्टी को बोलचाल की भाषा में टोरीज या टोरी पार्टी के नाम से भी जाना जाता है।
नए सर्वे में 55 प्रतिशत टोरी सदस्यों ने सुनक का समर्थन किया
सर्वेक्षण में शामिल 55 प्रतिशत टोरी सदस्यों ने कहा कि अगर उन्हें दोबारा मतदान करने का मौका मिलता है तो वे सुनक का समर्थन करेंगे। वहीं, 25 प्रतिशत ने ट्रस को समर्थन दोहराया।लिज ट्रस के प्रधानमंत्री चुने जाने के बाद भी ब्रिटेन में राजनीतिक अस्थिरता की स्थित बनी हुई है। ट्रस प्रधानमंत्री बनने के तुरंत बाद के अपने कुछ फैसलों के लिए माफी मांग चुकी हैं। नए वित्त मंत्री जेरेमी हंट ने ट्रस के टैक्स में कटौती के फैसले को पलट दिया है।
ट्रस को प्रधानमंत्री चुनकर पछता रहे हैं कंजर्वेटिव पार्टी के सदस्य
एक महीने पहले ट्रस को प्रधानमंत्री के रूप में चुनने वाले कंजर्वेटिव पार्टी के सदस्यों को अब अपने फैसले पर पछतावा हो रहा है। 55 प्रतिशत सदस्यों का मानना है कि ट्रस को पार्टी के नेता और प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। 38 प्रतिशत उनके पक्ष में हैं। हालांकि, कोरोना पाबंदियों के बीच पार्टी करने और कुछ अन्य वजहों से प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने के लिए मजबूर हुए बोरिस जानसन पार्टी के सदस्यों के बीच ट्रस के पसंदीदा विकल्प बने हुए हैं।
जानसन को ट्रस का बेहतर विकल्प मान रहे हैं टोरी सदस्य
63 प्रतिशत टोरी सदस्य जानसन को ट्रस का बेहतर विकल्प मान रहे हैं। 32 प्रतिशत ने प्रत्याशी के रूप में जानसन का समर्थन किया और 23 प्रतिशत ने सुनक का। कंजर्वेटिव पार्टी के 83 प्रतिशत सदस्य मानते हैं कि प्रधानमंत्री के रूप में ट्रस का काम बहुत ही खराब है। इनमें 72 प्रतिशत वो सदस्य हैं जिन्होंने पीएम पद के लिए उनका समर्थन किया था। टोरी सदस्य ट्रस को बदलने की विकल्पों पर विचार कर रहे हैं। हालांकि, 1922 कमिटी नियमों के तहत ट्रस के नेतृत्व को कम से कम 12 महीने तक चुनौती नहीं दी जा सकती है।
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