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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 27, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Russia Ukraine War : पुतिन की धमकियों के बीच रूस में युद्ध विरोधी प्रदर्शन जारी, तीन हजार से ज्यादा की हुई गिरफ्तारी

By Neel RajputEdited By:
Published: Sun, 27 Feb 2022 10:33 PM (IST)Updated: Sun, 27 Feb 2022 10:44 PM (IST)

रूसी प्रदर्शनकारियों ने धरना दिया और युद्ध नहीं के नारे लगाए। रूस में गुरुवार से शुरू हुए प्रदर्शन के बाद ...और पढ़ें

ब्रिटेन में हजारों, जर्मनी में लाखों लोग यूक्रेन के समर्थन में सड़कों पर उतरे (AP)
ब्रिटेन में हजारों, जर्मनी में लाखों लोग यूक्रेन के समर्थन में सड़कों पर उतरे (AP)

मास्को, एपी। रूस में मास्को से साइबेरिया तक युद्ध विरोधी कार्यकर्ताओं ने रविवार को भी प्रदर्शन किए। हर रोज हजारों प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी के बावजूद यूक्रेन पर आक्रमण का विरोध नहीं थमा है। यूक्रेन के समर्थन में ब्रिटेन में हजारों लोग सड़कों पर उतरे और जर्मनी में करीब एक लाख लोगों ने यूक्रेन पर आक्रमण का विरोध किया।

रूसी प्रदर्शनकारियों ने धरना दिया और 'युद्ध नहीं' के नारे लगाए। रूस में गुरुवार से शुरू हुए प्रदर्शन के बाद रोज गिरफ्तारियां हो रही हैं। एएनआइ के मुताबिक, ओवीडी-इन्फो मानीटर ने कहा है कि तीन दिन में पूरे देश में कम से कम 3093 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं। आइएएनएस के मुताबिक, रूस के चार हजार से ज्यादा विज्ञानियों एवं पत्रकारों ने यूक्रेन पर आक्रमण की निंदा करने वाले एक खुले पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं।

ब्रिटेन के विभिन्न हिस्सों में यूक्रेन पर आक्रमण के विरोध में हजारों प्रदर्शनकारियों ने रैलियां निकालीं। लंदन में रूसी दूतावास पर प्रदर्शनकारियों ने अंडे फेंके। इसके अलावा लंदन के डाउनिंग स्ट्रीट, मैनचेस्टर और एडिनबर्ग में भी प्रदर्शन हुए।

जर्मनी के बर्लिन में करीब एक लाख लोग यूक्रेन पर आक्रमण के विरोध में सड़कों पर उतर आए। पुलिस ने कहा कि प्रदर्शन के लिए बड़ी भीड़ जमा हो गई। मध्य बर्लिन में ब्रैंडेनबर्ग के आसपास यूक्रेन की जनता के समर्थन में लोग जमा हुए।

रूसी टैंक को यूक्त्रेनी नागरिक ने रोका, वीडियो वायरल

नई दिल्ली, जेएनएन। यूक्रेन पर हमला करने वाले रूसी सैनिकों को भारी विरोध का सामना करना पड़ रहा है। यूक्रेनी नागरिक रूसी टैंकों का रास्ता रोक रहे हैं। इंटरनेट मीडिया पर इसके वीडियो वायरल हो रहे हैं। यूक्रेनी नागरिकों के इस विरोध के वीडियो से तीन दशक पहले के चीन के तियानमेन चौक की याद ताजा हो गई है। पांच जून, 1989 को चीन की कम्युनिस्ट सरकार ने लोकतंत्र की मांग को लेकर तियानमेन चौक पर जमा हुए छात्रों पर टैंक चढ़वा दिया था जिसमें कई छात्रों की मौत हो गई थी। तब एक तस्वीर सामने आई थी, जब एक निहत्था व्यक्ति टैंक के सामने खड़ा दिखाई दे रहा था। कुछ वैसा ही नजारा कीव और यूक्रेन के अन्य शहरों में नजर आ रहा है। एक तस्वीर में एक नागरिक रूसी टैंक के सामने खड़ा है और उसे आगे बढ़ने से रोकता है। इसी तरह के एक व्यक्ति कतार में आ रहे रूसी टैंकों को रोकने की कोशिश करता नजर आ रहा है।