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    इमरान खान को तोशाखाना मामले में मिली बड़ी राहत, इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने रिहा करने का दिया आदेश

    By Jagran NewsEdited By: Achyut Kumar
    Updated: Tue, 29 Aug 2023 01:37 PM (IST)

    पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) को मंगलवार को बड़ी राहत मिली है। इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने तोशाखाना मामले में मिली उनकी सजा पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही हाईकोर्ट ने उन्हें रिहा करने का भी आदेश दिया है। गौरतलब है कि इमरान खान पांच अगस्त से जेल में बंद हैं। उन पर तोशाखाना मामले में भ्रष्टाचार के आरोप हैं।

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    Imran Khan को इस्लामाबाद हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत, तोशाखाना मामले में रिहा करने का आदेश

    इस्लामाबाद, जागरण डिजिटल डेस्क। पाकिस्तान (Pakistan) के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी (PTI) के प्रमुख इमरान खान (Imran Khan) को मंगलवार को इस्लामाबाद हाई कोर्ट (Islamabad High Court) से बड़ी राहत मिली। हाई कोर्ट ने तोशाखाना मामले (Toshakhana Case) में मिली उनकी सजा पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही, अदालत ने उन्हें रिहा करने का भी आदेश दिया है।  

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    मुख्य न्यायाधीश आमिर फारूक और न्यायमूर्ति तारिक महमूद जहांगीरी की खंडपीठ ने जेल की सजा के खिलाफ इमरान खान की अपील पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। इमरान इस समय अटक जेल में हैं।

    पांच अगस्त को इमरान खान को सुनाई गई सजा

    गौरतलब है कि पांच अगस्त को इस्लामाबाद की एक ट्रायल कोर्ट ने पाकिस्तान चुनाव आयोग (ECP) की तरफ से दायर मामले में पूर्व प्रधानमंत्री को दोषी ठहराया था, जिसमें राज्य के उपहारों का विवरण छिपाना शामिल था। इस मामले में उन्हें तीन साल की जेल हुई थी। इसके साथ ही उनके पांच साल तक चुनाव लड़ने पर भी रोक लगा दी गई थी।

    इमरान ने हाई कोर्ट में दायर की अपील

    हालांकि, इसके बाद इमरान ने अपनी दोषसिद्धि के खिलाफ हाई कोर्ट में अपील दायर की। उन्होंने मामले को वापस ट्रायल कोर्ट के जज के पास भेजने के हाई कोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाया था, जिसने उन्हें दोषी ठहराया था।

    पाकिस्तान बार काउंसिल हुआ नाराज

    पिछले हफ्ते, सुप्रीम कोर्ट ने इमरान की सजा में 'प्रक्रियात्मक दोष' को स्वीकार किया था, लेकिन उनकी याचिका पर हाई कोर्ट के फैसले का इंतजार करने का विकल्प चुना था। हालांकि, अदालत की टिप्पणियों से पाकिस्तान बार काउंसिल नाराज हो गया। काउंसिल का कहना था कि अधीनस्थ न्यायपालिका के समक्ष लंबित मामलों में कोई हस्तक्षेप नहीं होना चाहिए।

    एक दिन पहले, ईसीपी के वकील अमजद परवेज ने अपनी दलीलें पूरी कीं और अदालत से मामले में प्रतिवादी बनाने के लिए राज्य को नोटिस जारी करने का आग्रह किया। वहीं, इमरान के वकील लतीफ खोसा ने कहा कि उन्हें परवेज की याचिका पर कोई आपत्ति नहीं है।

    इमरान की कानूनी टीम ने दायर की याचिका

    बता दें, पूर्व पीएम इमरान खान की कानूनी टीम ने आज हाई कोर्ट में एक नई याचिका दायर की है। इस याचिका में अधिकारियों को पांच अगस्त के बाद इमरान के खिलाफ दायर किसी भी मामले में उनको गिरफ्तार करने से रोकने के लिए निर्देश देने की मांग की गई है।