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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 06, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'अपनी बयानबाजी तो देखिए...', भारत के खिलाफ UNSC पहुंचे पाक को कड़ी फटकार; पहलगाम हमले में पूछा गया LeT कनेक्शन

Published: Tue, 06 May 2025 10:02 AM (GMT+05:30)Updated: Tue, 06 May 2025 10:23 AM (GMT+05:30)

पाकिस्तान के अनुरोध पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बंद कमरे में बैठक बुलाई गई थी। बैठक का इस्तेमाल ...और पढ़ें

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बंद कमरे में हुई बैठक (फोटो-रॉयटर्स)
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बंद कमरे में हुई बैठक (फोटो-रॉयटर्स)

HighLights

  1. UNSC ने लश्कर की भूमिका को लेकर भी किए सवाल।
  2. बैठक में आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की गई।

एएनआई, नई दिल्ली। जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए हमले के बाद से भारत और पाकिस्तान में तनाव चरम पर है। अब तिलमिलाए पाकिस्तान ने UNSC से बैठक की मांग की। पाकिस्तान के अनुरोध पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बंद कमरे में बैठक बुलाई गई थी।

बैठक का इस्तेमाल पाकिस्तान ने एक बार फिर भारत के खिलाफ झूठ फैलाने और कश्मीर मुद्दे को उठाने के लिए किया। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सदस्यों ने बैठक में पाकिस्तान से कई सवाल किए। संयुक्त राष्ट्र ने पाकिस्तान की 'झूठे झंडे' की कहानी को स्वीकार करने से इनकार कर दिया। इस मीटिंग का कोई ठोस नतीजा नहीं निकला।

LeT को लेकर UNSC का सवाल 

 संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने पाक से पहलगाम हमले में लश्कर-ए-तैयबा के शामिल होने को लेकर सवाल किया गया। बैठक में आतंकवादी हमले की व्यापक निंदा की गई और जवाबदेही की आवश्यकता को मान्यता दी गई।कुछ सदस्यों ने विशेष रूप से धार्मिक आस्था के आधार पर पर्यटकों को निशाना बनाए जाने का भी मुद्दा उठाया।

पाकिस्तान की परमाणु बयानबाजी पर जताई चिंता

कई सदस्यों ने चिंता व्यक्त की कि पाकिस्तान के मिसाइल परीक्षण और परमाणु बयानबाजी तनाव बढ़ाने वाले कारक थे। वहीं स्थिति का अंतरराष्ट्रीयकरण करने के पाकिस्तान के प्रयास भी विफल रहे। पाकिस्तान को भारत के साथ द्विपक्षीय रूप से मुद्दों को सुलझाने की सलाह दी गई।

क्या है झूठे झंडे की कहानी का मतलब?

झूठे झंडे (False Flag) का मतलब है,  कोई घटना खुद जानबूझकर करना और उसके बाद किसी दूसरे पर थोप देना है। झूठे झंडे का इस्तेमाल खासकर आतंकवाद से जुड़े मामलों में किया जाता है। इसका मतलब है, आतंकवादी घटना को खुद अंजाम देकर किसी दूसरे पर थोपना। 

मकसद में फेल हुआ पाकिस्तान

यूएनएससी की यह बैठक पाकिस्तान ने ही बुलाई थी उसका मकसद था कि भारत के साथ उसके चल रहे टकराव का अंतरराष्ट्रीयकरण हो जाए लेकिन मीटिंग में ऐसा कुछ नहीं हुआ। ये मीटिंग बेनतीजा ही रही, मीटिंग में सभी सदस्य देशों ने पाकिस्तान को सलाह दी कि उन्हें भारत के साथ द्विपक्षीय रूप से मुद्दों को सुलझाने के लिए बातचीत करनी चाहिए।

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