विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 08, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Israel-Hamas War: गाजा में पोलियो टीकाकरण के बीच इजरायली सेना के ताबड़तोड़ हमले, 61 फलस्तीनियों की मौत

By Agency Edited By: Jeet Kumar
Published: Sun, 08 Sep 2024 05:45 AM (IST)

गाजा पट्टी में बच्चों के पोलियो टीकाकरण के बीच इजरायली सेना के हमले भी जारी हैं। बीते 48 घंटों में ...और पढ़ें

गाजा में पोलियो टीकाकरण के बीच इजरायली सेना के ताबड़तोड़ हमले
गाजा में पोलियो टीकाकरण के बीच इजरायली सेना के ताबड़तोड़ हमले

HighLights

  1. साढ़े तीन लाख बच्चों को लगाया गया पोलियो से बचाव का टीका
  2. लेबनान सरकार ने इस इजरायली हमले की निंदा की

 रॉयटर, यरुशलम। गाजा पट्टी में बच्चों के पोलियो टीकाकरण के बीच इजरायली सेना के हमले भी जारी हैं। बीते 48 घंटों में गाजा में इन हमलों में 61 लोग मारे गए हैं, इनमें से 28 शनिवार को मारे गए। इस दौरान जबालिया के शरणार्थी शिविर पर इजरायल ने हवाई हमला कर आठ लोगों को मार डाला और 15 को घायल किया है।

वैसे सात अक्टूबर, 2023 से जारी इजरायली हमलों में अभी तक लगभग 41 हजार फलस्तीनी मारे जा चुके हैं। फलस्तीनी संगठन हमास, इस्लामिक जिहाद और फतह के लड़ाके भी आपसी मतभेद भुलाकर आर-पार की लड़ाई में इजरायली सेना का मुकाबला कर रहे हैं।

लेबनान सरकार ने इस इजरायली हमले की निंदा की

अमेरिका, मिस्त्र और कतर के महीनों के प्रयास गाजा में युद्धविराम नहीं करवा पाए हैं। इस बीच संयुक्त राष्ट्र की देखरेख में चल रहे टीकाकरण अभियान में करीब साढ़े तीन लाख बच्चों को पोलियो से बचाव की वैक्सीन लगाई जा चुकी है। इस बीच इजरायली हमले में लेबनान में तीन स्वास्थ्यकर्मियों के मारे जाने की सूचना है। लेबनान सरकार ने इस इजरायली हमले की निंदा की है।

गाजा में युद्धविराम है जरूरी

अमेरिकी खुफिया संगठन सीआइए के प्रमुख विलियम ब‌र्न्स और ब्रिटिश खुफिया संगठन एमआइ सिक्स के प्रमुख रिचर्ड मूर ने फाइनेंशियल टाइम्स में लेख लिखकर गाजा में युद्धविराम की आवश्यकता पर बल दिया है। कहा है कि दोनों एजेंसियां मिलकर क्षेत्र में तनाव कम करने के हर संभव प्रयास कर रही हैं, इसी के तहत गाजा में युद्धविराम की कोशिश की जा रही है जिससे अरब जगत में हालात न बिगड़ें। हमास के खिलाफ जारी युद्ध रुकने से फलस्तीनियों का बड़े पैमाने पर हुआ जान-माल का नुकसान भी रुक सकेगा।