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'शहीदों का बदला लेंगे': ईरान ने USS अब्राहम लिंकन को निशाना बनाने की धमकी दी, क्या है अमेरिका की तैयारी?

Published: Sun, 29 Mar 2026 06:09 PM (GMT+05:30)Updated: Mon, 30 Mar 2026 12:29 AM (GMT+05:30)

ईरान ने अमेरिकी कैरियर अब्राहम लिंकन को निशाना बनाने की धमकी दी है, जिससे मध्य पूर्व में तनाव खतरनाक स्तर ...और पढ़ें

ईरान की अमेरिका को धमकी (फोटो-रॉयटर्स)

ईरान की अमेरिका को धमकी (फोटो-रॉयटर्स)

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मध्य पूर्व (Middle East) में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तनाव लगातार खतरनाक स्तर पर पहुंचता जा रहा है। ईरान ने अमेरिका को धमकी दी है कि अगर US कैरियर 'अब्राहम लिंकन' उनकी रेंज में आता है तो वह उसे निशाना बनाएंगे।

टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार, ईरान ने ड्रोन और मिसाइल हमलों की तीव्रता बढ़ा दी है, जिससे पूरे क्षेत्र में सुरक्षा अलर्ट जारी कर दिया गया है।

ईरान द्वारा किए गए हमलों का मुख्य निशाना इजरायल और अमेरिकी सैन्य ठिकाने रहे हैं। इसके जवाब में अमेरिका और इजरायल ने भी आक्रामक रुख अपनाते हुए जवाबी हमले तेज कर दिए हैं। इससे हालात और अधिक गंभीर हो गए हैं।

क्या है अमेरिका की तैयारी?

एक तरफ जहां ईरान चेतावनी दे रहा है, वहीं अमेरिका USS अब्राहम लिंकन (CVN 72) पर तैनात F/A-18 सुपर हॉर्नेट, मार्च में 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' के दौरान एक रात्रि-कालीन युद्धक मिशन के लिए तैयारी कर रहे हैं।

खाड़ी देशों में हाई अलर्ट

यूएई, कतर, सऊदी अरब जैसे खाड़ी देशों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। दुबई और दोहा जैसे प्रमुख शहरों में एयर डिफेंस सिस्टम को सक्रिय कर दिया गया है, ताकि किसी भी संभावित हमले को रोका जा सके।

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बना चिंता का केंद्र

दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में से एक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर खतरा मंडरा रहा है। यहां तनाव बढ़ने से वैश्विक तेल आपूर्ति प्रभावित हो सकती है, जिसके चलते कच्चे तेल की कीमतों में उछाल देखा जा रहा है।

वैश्विक अर्थव्यवस्था पर असर की आशंका

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह संघर्ष लंबा खिंचता है, तो इसका सीधा असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा। तेल की कीमतों में वृद्धि और सप्लाई चेन में बाधा से कई देशों की आर्थिक स्थिति प्रभावित हो सकती है।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ी

संयुक्त राष्ट्र समेत कई देशों ने संयम बरतने की अपील की है और स्थिति को काबू में लाने के प्रयास जारी हैं। हालांकि, फिलहाल संघर्ष थमता नजर नहीं आ रहा है।

 

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