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ईरान पर कब्जा करना अमेरिका के लिए मौत का कुआं क्यों? तेहरान की भौगोलिक चुनौतियों से पार पाना आसान नहीं

Published: Sun, 29 Mar 2026 04:02 PM (GMT+05:30)Updated: Sun, 29 Mar 2026 06:11 PM (GMT+05:30)

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच युद्ध का आज 30वां दिन है। अमेरिका ने ईरान के पास सेना तैनात की है, ...और पढ़ें

अमेरिका के लिए ईरान का रास्ता मुश्किल (जागरण)

अमेरिका के लिए ईरान का रास्ता मुश्किल (जागरण)

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच युद्ध का आज 30वां दिन है। मिडिल ईस्ट में चल रहा ये युद्ध आने वाले समय में और भी भयंकर परिणाम दिखा सकता है। अमेरिका ने ईरान के पास अपनी सेना तैनात करनी शुरू कर दी है।

अमेरिका के लिए ईरान की ये डगर आसान नहीं मानी जा रही है। ईरान चारों तरफ से ऊंचे-ऊंचे पहाड़ और पर्वतों से घिरा है। ईरान में तपती गर्मी में जला देने वाले रेगिस्तान हैं, जहां किसी भी फौज का टिक पाना मुश्किल है।

ग्राउंड ऑपरेशन की तैयारी कर रहा अमेरिका

अमेरिका ने ईरान के आस-पास के इलाकों में USS बॉक्सर और USS अब्राहम लिंकन के साथ USS ट्रिपोली को भी तैनात कर दिया है।

इन एयरक्राफ्ट कैरियर पर F-35 और F-18 जैसे लड़ाकू विमान मौजूद हैं, जो कि समुद्र में किसी चलती-फिरती फौज से कम नहीं हैं।

USS Abraham Lincoln

अमेरिका ने खाड़ी देशों में अपने सैनिक तैनात करने शुरू कर दिए हैं। एयरक्राफ्ट कैरियर यूएसएस ट्रिपोली पर 2500 सैनिक तैनात किए गए हैं।

USS बॉक्सर और USS अब्राहम लिंकन पहले से ही ईरान के पास के इलाकों में तैनात हैं। लेकिन अमेरिकी सेना के लिए ये जंग जीतना काफी मुश्किल भरा हो सकता है।

अमेरिका के लिए ईरान की डगर क्यों मुश्किल?

ईरान में उत्तर में कैस्पियन सागर के किनारे अल्बोर्ज की पहाड़ियां (Alborz Mountains) हैं। ये पहाड़ियों ईरान के लोगों की उत्तर से आने वाली बर्फीली हवाओं से रक्षा करती हैं। वहीं दुश्मनों के लिए ये पहाड़ियां मजबूत दीवार की तरह हैं।

Iran

ईरान में दो रेगिस्तान हैं, यहां इंसानों का रहना नामुमकिन है। ईरान में दश्त-ए-काविर (Dasht-e Kavir) को महान नमक का रेगिस्तान कहा जाता है। यहां की दलदली मिट्टी नमकीन है, जो किसी भी सेना के लिए मौत का कुआ बन सकती है।

ईरान में दश्त-ए-लुत (Dasht-e Lut) नाम से भी एक रेगिस्तान है। यह दुनिया के सबसे गर्म जगहों में से एक है। यहां का तापमान 70-डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है।

इस रेगिस्तान के टीले और चट्टानें इसे एक अभेद्य किला बना देती हैं, जहां से जिंदा बाहर निकलना असंभव है। अमेरिका की सेना के लिए भी ये रेगिस्तान मौत का जाल बन सकते हैं।

Iran (1)

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