इंडोनेशिया में विधायकों की सैलरी पर बवाल, भीड़ ने विधानसभा को फूंका; तीन की मौत
इंडोनेशिया में विधायकों के वेतन को लेकर शुरू हुए विरोध प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया। गुस्साई भीड़ ने पश्चिम नुसा तेंगारा पेकलोंगन और सिरेबोन की विधानसभा के भवनों में आग लगा दी जिसमें तीन लोगों की मौत हो गई। जकार्ता में शुरू हुए प्रदर्शन के बाद पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें हुईं जिसके बाद स्थिति और बिगड़ गई।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। इंडोनेशिया में गुस्साई भीड़ ने तीन प्रांतों की विधानसभा के भवनों को आग के हवाले कर दिया। इनमें पश्चिम नुसा तेंगारा, पेकलोंगन और सिरेबोन की विधानसभा के भवन शामिल हैं। इन घटनाओं में तीन लोग मारे गए, जबकि पांच अन्य घायल हो गए।
प्रदर्शनकारियों ने सुरबाया में पुलिस मुख्यालय पर भी धावा भी बोला। सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले छोड़े और पानी की बौछारें कीं। प्रदर्शनकारियों ने पटाखे और डंडों से उसका जवाब दिया।
विधायकों के वेतन को लेकर प्रदर्शन
दरअसल, यह विरोध प्रदर्शन जकार्ता में सोमवार को शुरू हुआ। एक रिपोर्ट सामने आई कि सभी सांसदों को उनके वेतन के अलावा पांच करोड़ रुपिया (3,075 डॉलर) का मासिक आवास भत्ता मिलता है। यह पिछले साल शुरू किया गया था। यह जकार्ता के न्यूनतम वेतन का लगभग 10 गुना है।
पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प
आलोचकों का तर्क है कि नया भत्ता न केवल अत्यधिक है, बल्कि ऐसे समय में दिया जा रहा है जब अधिकांश लोग बढ़ते खर्च, करों और बेरोजगारी से जूझ रहे हैं। इसे लेकर लोग प्रदर्शन कर रहे थे। इस बीच, पुलिस वाहन से एक फूड डिलीवरी करने वाले बाइक सवार को टक्कर लगने और उसकी मौत के बाद प्रदर्शन व्यापक और हिंसक हो गया। इसके बाद कई शहरों में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें हुईं।
(समाचार एजेंसी एपी के इनपुट के साथ)
यह भी पढ़ें- इंडोनेशिया : जकार्ता की जेल में लगी भीषण आग, 41 कैदियों की मौत और 80 घायल
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।