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    ब्रिटेन के शाही परिवार में टूट! कोई करता है बाइडेन का समर्थन तो किसी को ट्रंप से लगाव, क्या है मामला?

    Updated: Sun, 16 Feb 2025 04:33 PM (IST)

    ब्रिटेन के शाही परिवार में कुछ लोग अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का समर्थन करते दिखते हैं तो कुछ का झुकाव जो बाइडेन की ओर दिखता है। प्रिंस हैरी और उनकी पत्नी मेघल पर आरोप लगे हैं कि उन्होंने अमेरिकी डेमोक्रेटिक पार्टी से जुड़े लोगों को चैरिटी में लाखों डॉलर दिए है। इसके बाद सवाल उठ रहे हैं कि कोई शाही व्यक्ति किसी एक पार्टी का समर्थन कैसे कर सकता है।

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    प्रिंस हैरी की संस्था ने जो बाइडेन की बेटी को चैरिटी में ढाई लाख डॉलर दिए हैं। (फोटो सोर्स- रॉयटर्स)

    डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। ब्रिटेन के प्रिंस हैरी और उनकी पत्नी मेघन मार्कल के लिए एक नई मुसीबत सामने आ गई है। अमेरिकी समाचार न्यू यॉर्क पोस्ट ने दावा किया है कि राजपरिवार के दोनों लोगों ने लाखों डॉलर राजनीतिक तौर से विवादस्पद हस्तियों को चैरिटी के जरिए दिए हैं।

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    न्यू यॉर्क पोस्ट ने दावा किया है कि उसने कुछ कागजातों के समीक्षा के आधार पर ये दावे किए हैं। अखबार के मुताबिक, सार्वजनिक जानकारियों से भी पता चलता है कि प्रिंस हैरी और मेघन मार्कल डेमोक्रेटिक पार्टी से से ताल्लुक रखने वाले कुछ लोगों और उनकी संस्थाओं में भारी निवेश किया हुआ है। इनमें से एक "गलत सूचना विशेषज्ञ" को नियुक्त करना भी शामिल है।

    अखबार ने दावा किया है कि प्रिंस हैरी ने एक ऐसी कंपनी में पैसे निवेश किए हैं जो 1990 के बाद से लगभग हर अमेरिकी चुनाव में दखल रखती है। इसके अलावा उनकी संस्था ने जो बाइडेन की बेटी की संस्था वूमेन वेलनेस स्पेस को ढाई लाख डॉलर चैरिटी में दिए हैं।

    खुद के परिवार से खराब हो जाएंगे ताल्लुक

    प्रिंस हैरी और उनकी पत्नी को लेकर किए जा रहे दावों से उनके परिवार के भीतर तल्खी बढ़ने की आशंका है। ऐसा इसलिए कि कुछ वक्त पहले ही उनके भाई प्रिंस विलियम ने हाल ही में पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की थी।

    ब्रितानी मीडिया में कहा जाता रहा है कि किंग चार्ल्स और अमेरिका राष्ट्रपति के रिश्ते साल 2016 से ही परवान चढ़ रहे हैं। दोनों एक दूसरे के साथ अच्छा संबंध रखते हैं। ट्रंप ने खुद भी शाही परिवार के प्रति अपना समर्थन जाहिर किया है।

    आर्कवेल फाउंडेशन को चैरिटी में दे दिए इतने पैसे

    रिपोर्टों के अनुसार, 2020 में हैरी और मेघन की ओर से स्थापित कैलिफोर्निया स्थित गैर-लाभकारी संस्था आर्कवेल फाउंडेशन ने 2023 में जियोरे क्रेग को 146,500 डॉलर आवंटित किए थे।

    जियोरे क्रेग एक स्वतंत्र मीडिया रणनीतिकार हैं और जिन्हें गलत सूचनाओं का निपटने के लिए डेमोक्रेट्स पार्टी के "गो-टू" विशेषज्ञ के तौर पर जाना जाता है यानी कोई भी गलत जानकारी पार्टी के खिलाफ जाती है तो वह उससे निपटने में मदद करती हैं।

    • सार्वजनिक रिकॉर्ड में यह भी दर्ज है कि आर्चवेल ने ब्रुकलिन में मार्सी लैब स्कूल को 25,000 डॉलर का दान दिया।
    • इसी लैब स्कूल में क्रेग 2024 में बोर्ड में शामिल हुए। इसके अतिरिक्त, संघीय फाइलिंग से पता चलता है कि क्रेग को 2022 में फाउंडेशन से 120,000 डॉलर मिले।
    • 33 साल की क्रेग पहले वाशिंगटन, डीसी स्थित शोध फर्म ग्रीनबर्ग, क्विनलान और रोस्नर में काम कर चुकी हैं। वह एक मान्यता प्राप्त चुनाव रणनीतिकार हैं।
    • वह 2016 में डिजिटल रणनीति के वरिष्ठ निदेशक के पद पर पहुंचीं।
    • इसके बाद में 2018 से 2021 तक उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया।

    जोर्ज सोरोस और जो बाइडेन की बेटी की संस्था को दिया दान

    आर्कवेल ने मार्कअप न्यूज इंक को भी 90,000 डॉलर का योगदान दिया, जो क्रेगलिस्ट के संस्थापक क्रेग न्यूमार्क और अरबपति डेमोक्रेटिक दानकर्ता जॉर्ज सोरोस के ओपन सोसाइटी फाउंडेशन द्वारा समर्थित न्यूयॉर्क स्थित एक गैर-लाभकारी संस्था है।

    प्रिंस हैरी और मेघन की संस्था आर्चवेल का सबसे बड़ा दान, $250,000, वूमेन वेलनेस स्पेस को दिया गया, जो पेंसिल्वेनिया स्थित एक चैरिटी है जिसकी स्थापना 2023 में राष्ट्रपति जो बिडेन की बेटी एशले बिडेन ने की थी। 2024 में खुलने वाला यह संगठन आघात से प्रभावित महिलाओं की मदद करने पर ध्यान केंद्रित करता है।

    चैरिटी पर क्यों हो रहा है विवाद?

    जानकार कह रहे हैं कि प्रिंस हैरी और उनकी पत्नी मेघन मार्कल शाही परिवार के सदस्य हैं और उनके पास शाही उपाधियां भी हैं, ऐसे में किसी भी राजनीतिक पार्टी में रुचि रखना और उसका समर्थन करना नैतिक नहीं है।

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