यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 27, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Mahfuz Alam: जिस मास्टमाइंड ने किया हसीना सरकार का तख्तापलट, मोहम्मद यूनुस ने बताया दुनिया को उसका नाम
Mahfuz Alam मोहम्मद यूनुस ने न्यूयॉर्क में क्लिंटन ग्लोबल इनिशिएटिव में लोगों को संबोधित करते हुए अपने विशेष सहायक महफूज ...और पढ़ें

HighLights
- महफूज आलम के दिमाग ने ही पूरे आंदोलन को जन्म दिया: मोहम्मद युनूस
- पांच अगस्त को शेख हसीना ने पीएम पद से इस्तीफा दे दिया था।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। बांग्लादेश में शेख हसीना सरकार के खिलाफ आंदोलन स्वत: नहीं था। इसका मतलब साफ है कि शेख हसीना को प्रधानमंत्री की कुर्सी से उखाड़ फेकने के लिए एक साजिश रची गई थी, जिसके मास्टरमाइंड की जानकारी खुद मोहम्मद युनूस (Muhammad Yunus) ने दी है।
संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक में हिस्सा लेने गए मोहम्मद यूनुस ने न्यूयॉर्क में एक कार्यक्रम में शिरकत की। इस सम्मेलन में उन्होंने दुनिया से उस शख्स का परिचय कराया, जिसने शेख हसीना सरकार को उखाड़ फेंकने की पूरी साजिश को अंजाम दिया।

मोहम्मद यूनुस ने की महफूज आलम की जमकर तारीफ
मंगलवार को मोहम्मद यूनुस जब न्यूयॉर्क में क्लिंटन ग्लोबल इनिशिएटिव में लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने अपने विशेष सहायक महफूज आलम (Mahfuz Alam) का परिचय दिया। परिचय के दौरान मोहम्मद यूनुस ने महफूज आलम की जमकर तारीफ की।
उन्होंने कहा कि 'महफूज आलम भी किसी अन्य युवा की तरह ही दिखते हैं, जिन्हें आप पहचान नहीं पाएंगे। हालांकि, जब आप उन्हें काम करते हुए देखेंगे, जब आप उन्हें बोलते हुए सुनेंगे, तो आप दंग रह जाएंगे। उन्होंने अपने भाषणों से देश के युवाओं में ऊर्जा का एक नया स्त्रोत ला दिया है। उन्होंने बताया कि महफूज आलम के दिमाग ने ही पूरे आंदोलन को जन्म दिया। वो बार-बार इस बात का इनकार करते हैं, लेकिन उन्हें इसी तरह से जाना जाता है।
मोहम्मद युनूस ने आगे कहा, "वे ही नए बांग्लादेश का निर्माण कर रहे हैं, आइए हम उनकी सफलता की कामना करें।" बता दें कि इस सम्मेलन में पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति बिल क्लिंटन ने भी हिस्सा लिया था।

बांग्लादेश में नहीं थम रहा हिंदुओं पर अत्याचार
बताते चलें कि पांच अगस्त को शेख हसीना ने पीएम पद से इस्तीफा दे दिया था। वो बांग्लादेश छोड़कर भारत आ गईं थीं। इसके बाद सेना ने बांग्लादेश की जिम्मेदारी ली। सेना ने मोहम्मद यूनुस की अगुवाई में अंतरिम सरकार का गठन किया। इस आंदोलन के दौरान बांग्लादेश में रह रहे अल्पसंख्यकों खासकर हिंदुओं पर अत्याचार हुए। पड़ोसी मुल्क में हर आए दिन हिंदुओं पर अत्याचार की घटना सामने आ रही है।
