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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 19, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

ईरान-इजरायल जंग में अब अमेरिका भी कूदेगा, ट्रंप ने अटैक प्लान को दी मंजूरी, बोले- मैं कुछ भी कर सकता हूं

By Agency Edited By: Chandan Kumar
Published: Thu, 19 Jun 2025 08:23 AM (IST)

Iran-Israel conflict ईरान-इजरायल युद्ध के बीच डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान समझौता करना चाहता है। उन्होंने इजरायल ...और पढ़ें

ट्रंप ने जंग को लेकर कहा कि मुझे इतनी तबाही और मौतें देखकर तकलीफ होती है। (फाइल फोटो)
ट्रंप ने जंग को लेकर कहा कि मुझे इतनी तबाही और मौतें देखकर तकलीफ होती है। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. अमेरिका भी ईरान पर हमला करेगा।
  2. ट्रंप ने प्लान को दी मंजूरी।

एएनआई, वाशिंगटन डीसी। ईरान-इजरायल जंग के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान डील करना चाहता है। इस बीच ये खबर भी है कि इस जंग में अब अमेरिका भी कूदने जा रहा है। 

ट्रंप ने इजरायल और ईरान के दरमियान बढ़ते तनाव पर चिंता जाहिर की है। उन्होंने कहा कि उनके पास हर मसले का हल मौजूद है, मगर नतीजा क्या होगा, ये अभी कहा नहीं जा सकता है। ट्रंप ने ईरान पर हमले का आदेश देने के सवाल को टालते हुए कहा, "मेरे पास हर चीज का प्लान है...कुछ भी हो सकता है।"

इस बयान से साफ जाहिर होता है कि हाल ही में ईरान के साथ नाकाम रही बातचीत और जंग में सुलग रहे मिडिल ईस्ट ने उन्हें परेशान कर रखा है। ट्रंप ने कहा कि ईरान ने उनके साथ एक बेहतरीन सौदा करने का मौका गंवा दिया। उन्होंने कहा, "उन्हें वो सौदा करना चाहिए था। मेरे पास उनके लिए एक शानदार डील थी।"

ट्रंप ने ये भी बताया कि ईरान अब बातचीत करना चाहता है और व्हाइट हाउस आने की ख्वाहिश रखता है, मगर वो हालात के मुताबिक ही कोई फैसला लेंगे।

अमेरिकी भी करेगा ईरान पर हमला

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने दुनिया को इस बात पर अटकलें लगाने पर मजबूर कर दिया है कि क्या संयुक्त राज्य अमेरिका इजरायल की ओर से ईरानी न्यूक्लियर साइट पर बम बरसाने में शामिल होगा। द वॉल स्ट्रीट जर्नल ने बताया है कि उन्होंने अपने वरिष्ठ सहयोगियों से कहा है कि उन्होंने ईरान पर हमले की योजना को मंजूरी दे दी है, लेकिन यह देखने के लिए अंतिम आदेश देने से परहेज कर रहे हैं कि क्या तेहरान अपने परमाणु कार्यक्रम को छोड़ देगा। 

व्हाइट हाउस के बाहर पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने यह कहने से इनकार कर दिया कि क्या उन्होंने इजरायल के अभियान में शामिल होने के बारे में कोई फैसला किया है। उन्होंने कहा, "मैं ऐसा कर सकता हूं। मैं ऐसा नहीं भी कर सकता। मेरा मतलब है, कोई नहीं जानता कि मैं क्या करने जा रहा हूं।"

'सौदा न करने की गलती, अब पछतावा'

ट्रंप ने कहा, "हमने 60 दिन तक इस मसले पर बात की, मगर आखिर में उन्होंने सौदा करने से इनकार कर दिया। अब उन्हें अपनी गलती का एहसास हो रहा है। मुलाकात के लिए अब वक़्त कम है, मगर वो चाहते हैं और व्हाइट हाउस आना चाहते हैं। मैं शायद ऐसा करूं... कुछ भी हो सकता है।"

उन्होंने मौजूदा हालात पर कहा, "थोड़ी देर में मेरी वॉर रूम में मीटिंग है। हम एक भयानक मसले में फंसे हैं। मुझे इतनी तबाही और मौतें देखकर बहुत तकलीफ होती है।"

ट्रंप ने अपनी रणनीति को पूरी तरह जाहिर नहीं किया, मगर इतना जरूर कहा कि फैसले आखिरी वक़्त में लिए जाएंगे। उन्होंने कहा, "मेरे पास कुछ आइडियाज हैं कि मैं क्या कर सकता हूं, मगर वो अभी पक्के नहीं। मैं आखिरी पल में फैसला करना पसंद करता हूं। खासकर जंग के हालात में चीज़ें बदलती रहती हैं।"

जंग का सातवां दिन

इजरायल और ईरान के बीच जंग को सात दिन गुज़र चुके हैं। इजरायली सरकार के मुताबिक, ईरान के मिसाइल हमलों में कम से कम 24 लोग मारे गए हैं और सैकड़ों जख्मी हुए हैं। दूसरी तरफ, ईरान में इजरायली हमलों से 585 लोग हलाक और 1,300 से ज्यादा जख्मी हो चुके हैं।

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