यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 18, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
TMC से होगी बागियों की छुट्टी? जल्द होंगे सांगठनिक फेरबदल, सीएम ममता ने दिए संकेत
ममता बनर्जी साल 2026 में होने वाले बंगाल विधानसभा चुनाव की तैयारियों में लग गई हैं। खबर है कि तृणमूल ...और पढ़ें

HighLights
- 'एक व्यक्ति, एक पद' नीति का कार्यान्वयन भी विचाराधीन है।
- मिशन 2026 में जुटीं ममता बनर्जी, पार्टी में करेंगी सांगठनिक फेरबदल
राज्य ब्यूरो, जागरण, कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री एवं तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी पार्टी में सांगठनिक फेरबदल आगामी माह से शुरू कर सकती हैं। खबर है कि तृणमूल ने संगठन में फेरबदल की तैयारी लगभग पूरी कर ली है।
लोकसभा चुनाव से पहले भी संगठन स्तर पर सर्वे और उसके आधार पर नेताओं के कार्यों का मूल्यांकन भी दो-तीन भागों में किया था, लेकिन घोषणा के बाद निर्धारित समय बीत जाने के बाद भी तृणमूल सुप्रीमो ने फेरबदल को 'हरी झंडी' नहीं दी थी। पार्टी सूत्रों के मुताबिक फिलहाल संगठन में सफाई और छंटाई के लिए आवश्यक प्रक्रिया करीब-करीब पूरी हो चुकी है।
जनवरी में फेरबदल की संभावना
राज्य सरकार की आवास योजना 'बांग्लार बाड़ी' को लेकर कई महीनों से प्रशासनिक स्तर पर कवायद चल रही थी। परिणामस्वरूप, तृणमूल सुप्रीमो इस मामले पर आवश्यक समय नहीं दे रही थीं। फिलहाल तय किया गया है कि 15 जनवरी के बाद संगठन में फेरबदल का काम शुरू कर दिया जाएगा।
संगठनात्मक फेरबदल के साथ-साथ पंचायत और नगर पालिका स्तर पर प्रस्तावित नए चेहरे की पहचना की प्रक्रिया भी जारी रहेगी। कार्यों का मूल्यांकन की तरह, पहले घोषित 'एक व्यक्ति, एक पद' नीति का कार्यान्वयन विचाराधीन है।
अभिषेक पहले ही सौंप चुके हैं अपनी सिफारिशें
वहीं, ममता के भतीजे व तृणमूल के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने 21 जुलाई को धर्मतल्ला में रैली से संगठन में फेरबदल की घोषणा की थी। उन्होंने कहा था कि आगामी तीन-चार महीने के अंदर दल में यह प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। प्रारंभ में, उन्होंने पार्टी और स्थानीय निकायों के मूल्यांकन का कार्य पूरा कर अपने सिफारिशें पार्टी प्रमुख ममता सौंप दी थी। हालांकि, ममता ने इसे पूरी तरह से स्वीकार नहीं किया और कई दौर की समीक्षा के बाद पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुब्रत बक्शी को इस मामले को अंतिम रूप देने की जिम्मेदारी दी गई।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, बक्शी ने अभिषेक और ममता से इस पर चर्चा की है। आखिरकार पूरा प्रस्ताव ममता के विचार के लिए भेज दिया गया है। कुछ मामलों में फेरबदल में दिक्कतों की पहचान कर ममता ने अपनी राय दी है। संतुलन बनाए रखने के लिए उन्होंने कुछ मामलों में इन्कार भी किया है।
पार्टी के अंदर तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं। किसकी जगह कौन आ सकता है, इसको लेकर तृणमूल के जिला और ब्लाक स्तर के नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच कई तरह की 'गतिविधियां' भी शुरू हो गई हैं। क्योंकि, इस चरण में पार्टी नेतृत्व जिला और ब्लाक स्तर पर भी पदाधिकारियों को बदलने पर विचार कर रहा है। पूरे जनवरी में, पार्टी ने कार्यक्रमों की एक श्रृंखला शुरू होनी है। पार्टी नेतृत्व के एक सूत्र ने संकेत दिया कि फेरबदल चरणों में किया जाएगा, लेकिन एक बार में नहीं। उसके बाद, अभिषेक के नए संगठनात्मक ढांचे के तहत राज्य भर में एक प्रमुख जनसंपर्क कार्यक्रम शुरू करने की उम्मीद है।
