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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 18, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

RG Kar Rape case: महिला डॉक्टर से रेप-हत्या मामले में संजय रॉय दोषी करार, 20 जनवरी को सजा का एलान

Published: Sat, 18 Jan 2025 02:32 PM (IST)Updated: Sat, 18 Jan 2025 03:04 PM (IST)

RG Kar Rape case कोलकाता के सरकारी आरजी कर मेडिकल कालेज एवं अस्पताल की ट्रेनी महिला डॉक्टर के साथ दुष्कर्म ...और पढ़ें

RG Kar Rape case संजय रॉय दोषी करार। (फोटो जागरण)
RG Kar Rape case संजय रॉय दोषी करार। (फोटो जागरण)

HighLights

  1. 20 जनवरी को अदालत फैसला सुनाएगी और सजा का एलान कर सकती है।
  2. सीबीआई ने मुख्य आरोपित संजय राय की फांसी की सजा की मांग की थी

जेएनएन, कोलकाता। कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कालेज एवं अस्पताल में ट्रेनी महिला डॉक्टर के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या मामले में आरोपी संजय रॉय को दोषी करार दिया गया है। सियालदह कोर्ट की विशेष अदालत ने दोषी करार किया।

20 जनवरी को अदालत फैसला सुनाएगी

सियालदह कोर्ट की अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनिर्बान दास की अदालत ने आरोपित सिविक वालिंटियर को दोषी करार दिया। 20 जनवरी को अदालत फैसला सुनाएगी। मामले में मुकदमा शुरू होने के 59 दिन बाद फैसला सुनाया जाएगा। 11 नवंबर को इस मामले की सुनवाई शुरू हुई थी। हाई कोर्ट के निर्देश पर इस वारदात की जांच कर रही सीबीआई मामले में पहले ही आरोपपत्र दाखिल कर चुकी थी।

सेमिनार हाल से पीड़िता का शव मिला

पिछले साल नौ अगस्त को आरजी कर अस्पताल के आपातकालीन विभाग की चौथी मंजिल के सेमिनार हाल से पीड़िता का शव बरामद किया गया घटना के अगले दिन मुख्य आरोपित सिविक वालंटियर संजय राय को गिरफ्तार किया गया था। सीसीटीवी फुटेज में उसे सेमिनार हाल में प्रवेश करते देखा गया था। मौके से उसका हेडफोन भी मिला था। सीबीआई ने आरोपपत्र में कहा है कि संजय राय ही मुख्य आरोपित है।

अपराध में शामिल अन्य लोग खुलेआम घूम रहे

हालांकि, पीड़िता के माता-पिता ने अदालत से कहा है कि इस घटना एक से अधिक लोग शामिल हो सकते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जांच आधी-अधूरी है क्योंकि इस अपराध में शामिल अन्य लोग खुलेआम घूम रहे हैं। केंद्रीय जांच एजेंसी ने मुख्य आरोपित संजय राय की फांसी की सजा की मांग की है। उसने अदालत में यह भी कहा कि राय इस अपराध का एकमात्र गुनाहगार है।

इस घटना के बाद देशभर में आक्रोश फैल गया था और सैकड़ों लोगों ने लंबे समय तक विरोध प्रदर्शन किया जिसमें मुख्य रूप से डाक्टर और चिकित्साकर्मी शामिल थे।

संजय ने फिर फंसाए जाने का लगाया आरोप

संजय को शनिवार को बेहद कड़ी सुरक्षा में अदालत में पेश किया गया। मृतका के माता-पिता भी वहां मौजूद थे। सुनवाई के दौरान संजय ने फिर खुद को निर्दोष बताते हुए उसे फंसाए जाने का आरोप लगाया। उसने कहा कि मेरे गले में रुद्राक्ष की माला है। रुद्राक्ष पहनकर मैं ऐसा अपराध कैसे कर सकता हूं?

इसपर न्यायाधीश ने कहा कि सीबीआई की ओर से पेश किए सुबूतों व गवाहों के बयान के आधार पर आपका अपराध साबित होता है। आपने जो अपराध किया है, उसके लिए आपको मृत्युदंड अथवा आजीवन कारावास मिल सकता है। न्यायाधीश ने आगे कहा कि सजा सुनाने से पहले आपको एक बार फिर बोलने का मौका दिया जाएगा।

पीड़िता के माता पिता की आखों से छलके आंसू

संजय को दोषी करार दिए जाने पर अदालत कक्ष में मौजूद मृतका के पिता रो पड़े। अदालती कार्यवाही पूरी होने के बाद उन्होंने न्यायाधीश को धन्यवाद देते हुए कहा-'मैंने आपपर जो विश्वास रखा था, आपने उसकी मर्यादा रखी। इसपर न्यायाधीश ने उनसे कहा कि सोमवार को मैं आपकी बात भी सुनूंगा। बाद में पत्रकारों से बातचीत में मृतका के पिता ने कहा कि मैं अभी भी पूरी तरह संतुष्ट नहीं हूं। बहुत से सवालों के अब तक जवाब नहीं मिले हैं।