Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    बंगाल पुलिस भर्ती भ्रष्टाचार: हाई कोर्ट ने 8419 पदों पर भर्ती का नया पैनल किया रद, जानिए क्या है पूरा मामला

    By Jagran NewsEdited By: Anurag Gupta
    Updated: Wed, 27 Sep 2023 08:24 PM (IST)

    गाल में पुलिस कर्मियों की भर्ती में हुई कथित अनियमितताओं के मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट ने बुधवार को 8419 पदों पर भर्ती का नया पैनल रद कर दिया। फरवरी 2022 में पुलिस कांस्टेबल पद के लिए हुई भर्ती में अनियमितता का आरोप लगाते हुए कुछ उम्मीदवारों ने कलकत्ता उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था।

    Hero Image
    हाई कोर्ट ने 8419 पदों पर भर्ती का नया पैनल किया रद (फाइल फोटो)

    राज्य ब्यूरो, कोलकाता। बंगाल में पुलिस कर्मियों की भर्ती में हुई कथित अनियमितताओं के मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट ने बुधवार को 8419 पदों पर भर्ती का नया पैनल रद कर दिया। फरवरी 2022 में पुलिस कांस्टेबल पद के लिए हुई भर्ती में अनियमितता का आरोप लगाते हुए कुछ उम्मीदवारों ने कलकत्ता उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    वादियों का दावा था कि चूंकि पुलिस भर्ती में भ्रष्टाचार हुआ है, इसलिए पूरी भर्ती प्रक्रिया को खारिज कर दिया जाना चाहिए। उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश टीएस शिवगणनम और न्यायमूर्ति हिरण्मय भट्टाचार्य की खंडपीठ ने 8419 पदों पर नई भर्ती का पैनल रद करने का फैसला सुनाया।

    यह भी पढ़ें: बंगाल में ग्रुप डी के उम्मीदवारों ने राज्य सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, सुवेंदु अधिकारी प्रदर्शन में हुए शामिल

    माना जा रहा है कि अदालत के फैसले के बाद सैकड़ों पुलिस कांस्टेबल नौकरी से बाहर हो जाएंगे, भले ही राज्य के खिलाफ अनियमितताओं के आरोप सही न हों। 2019 में शुरू हुई इस भर्ती प्रक्रिया में कुल दो मेधा सूची प्रकाशित की गई थी।

    पहली सूची 26 मार्च, 2021 को प्रकाशित की गई थी। इसे लेकर वादियों ने आपत्ति जताई थी। उन्होंने पश्चिम बंगाल प्रशासनिक न्यायाधिकरण में पुलिस भर्ती बोर्ड के खिलाफ मामला दायर किया। ट्रिब्यूनल ने पश्चिम बंगाल पुलिस भर्ती बोर्ड को पुलिस कांस्टेबलों की भर्ती में खामियों को सुधारने का निर्देश दिया।

    हाई कोर्ट ने खारिज कर दी दूसरी सूची

    इसके बाद दूसरी मेधा सूची 24 फरवरी, 2022 को प्रकाशित की गई थी। कलकत्ता हाई कोर्ट ने दूसरी सूची को खारिज कर दिया और पहली सूची को बरकरार रखा। वहीं, इस संबंध में एसएटी यानी राज्य प्रशासनिक न्यायाधिकरण द्वारा दिए गए आदेश को भी खारिज कर दिया गया है।

    बोर्ड का तर्क था कि भर्ती में आरक्षण नीति का पालन किया गया, लेकिन वे आरक्षित उम्मीदवार जो सामान्य उम्मीदवारों के समकक्ष हैं और मेधा सूची में अधिक अंक प्राप्त किए हैं, उन्हें सामान्य उम्मीदवार माना जाएगा। लेकिन एसएटी ने बोर्ड के उस पैनल को रद कर दिया। उसने कहा कि सामान्य और आरक्षित अभ्यर्थियों को अलग से नया पैनल प्रकाशित और नियुक्त करना होगा।

    यह भी पढ़ें: BJP विधायकों ने ममता बनर्जी से डेंगू को लेकर पूछे छह सवाल, केंद्रीय आवंटन के इस्तेमाल का मांगा हिसाब

    पुराना पैनल बरकरार

    इसके बाद बोर्ड ने एसएटी के फैसले के मुताबिक कांस्टेबल पद की कैटेगरी बांटकर नियुक्ति की। पुलिस कांस्टेबल की नौकरियां सामान्य और आरक्षित के लिए अलग-अलग योग्यता सूची के आधार पर दी गईं। परिणामस्वरूप अधिक सामान्य अभ्यर्थियों को नौकरी में अवसर मिला, लेकिन बुधवार को हाई कोर्ट ने एसएटी के फैसले को खारिज कर दिया। हाई कोर्ट ने पुराने पैनल को बरकरार रखा।