मुख्यमंत्री धामी ने बाजपुर में ओलावृष्टि से हुए नुकसान का लिया जायजा, प्रशासन को दिए आकलन के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बाजपुर में आंधी-तूफान, बारिश और ओलावृष्टि से हुए भारी नुकसान का हवाई और स्थलीय निरीक्षण ...और पढ़ें
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संवाद सहयोगी, जागरण बाजपुर (ऊधम सिंह नगर)। बाजपुर क्षेत्र में शुक्रवार दोपहर आई तेज आंधी-तूफान, बारिश और ओलावृष्टि से फसलों, बागों, बिजली लाइनों और घरों को हुए भारी नुकसान का जायजा लेने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अचानक बाजपुर पहुंच गए।
मुख्यमंत्री का हेलीकाप्टर नैनीताल रोड स्थित रिवरडेल इंटरनेशनल स्कूल परिसर में उतरा।
इसके बाद उन्होंने प्रभावित क्षेत्रों का हवाई और स्थलीय निरीक्षण कर नुकसान की स्थिति का जायजा लिया। बरहैनी से नमूना तक प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण करने के बाद मुख्यमंत्री ने पत्रकारों से संक्षिप्त बातचीत में कहा कि प्रशासन को नुकसान का आकलन करने के निर्देश दे दिए गए हैं।
राज्य सरकार इस संकट की घड़ी में प्रभावित लोगों के साथ मजबूती से खड़ी है और उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे बाजपुर क्षेत्र में अचानक मौसम ने करवट ली। तेज आंधी-तूफान के साथ हुई बारिश और ओलावृष्टि ने क्षेत्र में व्यापक नुकसान पहुंचाया।

खेतों में खड़ी धान, गन्ने और मक्के की फसलें प्रभावित हुईं, जबकि अमरूद के बागों को भी भारी क्षति पहुंची। कई स्थानों पर बिजली की लाइनें उखड़ने से विद्युत व्यवस्था प्रभावित हुई। इसके अलावा कई जगह घरों और सार्वजनिक संपत्तियों को भी नुकसान पहुंचने की सूचना सामने आई।
प्राकृतिक आपदा से किसानों और आम लोगों को हुए नुकसान की जानकारी मिलने पर मुख्यमंत्री ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया।
प्रशासन को नुकसान का आकलन करने के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे बाजपुर क्षेत्र में बहुत तेज आंधी-तूफान और ओलावृष्टि हुई है। इससे धान, गन्ने और मक्के की फसलों के साथ अमरूद के बागों को भी बहुत भारी नुकसान पहुंचा है।
कई स्थानों पर बिजली की लाइनें उखड़ गई हैं और घरों सहित सार्वजनिक संपत्तियों को भी काफी क्षति हुई है। उन्होंने कहा कि यह बड़ी आपदा और परेशानी का समय है। प्रशासन के सभी अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में हुए नुकसान का आकलन करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि स्थिति की वास्तविक जानकारी जुटाई जा सके।

मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार इस संकट की घड़ी में प्रभावित लोगों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। प्रभावितों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उनके इस आश्वासन से आपदा से प्रभावित किसानों और अन्य लोगों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है।
मुख्यमंत्री के अचानक दौरे से प्रशासन में मची खलबली
मुख्यमंत्री के अचानक बाजपुर पहुंचने से स्थानीय प्रशासन के साथ जनपद के अधिकारियों में भी हलचल मच गई। सूचना मिलते ही एडीएम पंकज उपाध्याय, सीडीओ देवेश शासनी, एसडीएम बाजपुर ऋचा सिंह, कोतवाल बाजपुर नरेश चौहान समेत बड़ी संख्या में स्थानीय और जनपद स्तरीय अधिकारी मौके पर पहुंच गए।
अधिकारियों ने मुख्यमंत्री के निरीक्षण के दौरान प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति की जानकारी जुटाई। मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए प्रशासनिक अमला सक्रिय नजर आया। आंधी-तूफान और ओलावृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का आकलन किए जाने की प्रक्रिया तेज होने की उम्मीद है।
विशेष रूप से कृषि क्षेत्र में हुए नुकसान को लेकर किसानों की निगाहें प्रशासन की कार्रवाई और सरकार की ओर से मिलने वाली सहायता पर टिकी हैं।
भाजपा नेता और कार्यकर्ता भी रहे मौजूद
मुख्यमंत्री के बाजपुर दौरे के दौरान भाजपा के कई नेता और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। इनमें दर्जा राज्य मंत्री मंजीत सिंह राजू, उत्तराखंड अल्पसंख्यक आयोग के पूर्व अध्यक्ष सुखदेव सिंह नामधारी और एससी मोर्चा के जिलाध्यक्ष यशपाल राजहंस सहित अन्य भाजपा कार्यकर्ता शामिल रहे। मुख्यमंत्री के निरीक्षण के दौरान क्षेत्र में हुए नुकसान और प्रभावित लोगों की स्थिति को लेकर भी चर्चा रही।
